मथुरा। परिषदीय विद्यालयों में आरटीई लागू होने से पहले नियुक्त शिक्षकों के लिए टीईटी अनिवार्य किए जाने के विरोध में शिक्षक संगठन एकजुट हो गए हैं। इस मुद्दे को लेकर अखिल भारतीय संयुक्त शिक्षक महासंघ (जेटीएफआई) की बैठक में चरणबद्ध आंदोलन चलाने की रूपरेखा तैयार की गई।
बैठक की अध्यक्षता प्राथमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष लोकेश गोस्वामी व विशिष्ट बीटीसी वेलफेयर एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष रविन्द्र चौधरी ने बतायाय कि आंदोलन के पहले चरण में 15 मार्च तक शिक्षक की पाती नाम से अभियान चलाया जाएगा। इसके तहत पोस्टकार्ड, ई-मेल और ट्विटर के माध्यम से राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, मुख्य न्यायाधीश, मुख्यमंत्री को नियम को निरस्त करने की मांग की जाएगी। दूसरे चरण में मशाल जुलूस, तीसरे चरण में 3 मई को लखनऊ में घेराव किया जाएगा। एससी-एसटी शिक्षक एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष अशोक प्रिया और यूटा के जिलाध्यक्ष चंद्रशेखर सिंह ने कहा कि मानसून सत्र के दौरान संसद भवन का घेराव किया जाएगा।
बैठक का में बलवीर सिंह, वरिष्ठ उपाध्यक्ष गौरव यादव, सुधीर सोलंकी, उपेन्द्र पांडेय, विकास यादव, जितेन्द्र जोशी, अवधेश सारस्वत, खुर्शीद अहमद, हरीश शर्मा, जयपाल, कौशल किशोर गौतम सहित मौजूद रहे।