मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात करने के बाद शिवपाल सिंह यादव भगवान की शरण में पहुंच गए। गुरुवार की सुबह चार घंटे से भी ज्यादा समय तक पूजा-अर्चना की। संतों से मुलाकात की गई। जब उनसे पूछा गया तो बोले कि भक्त हूं, भगवान से शक्ति मांगने आया हूं। मन की शांति मांगने आया हूं। पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव की तरफ इशारा करते हुए बोले, भटके लोगों के लिए सद्बुद्धि मांगने आया हूं।
बुधवार को सपा के पूर्व अध्यक्ष शिवपाल सिंह यादव लखनऊ में मुख्यमंत्री से मिले थे। शिवपाल के साथ उनके बेटे आदित्य भी थे। गुरुवार को शिवपाल सिंह वृंदावन पहुंच गए। गोविंद मठ में शाम तक रहे। दुर्गा महोत्सव पूजन में भी हिस्सा लिया। उनके साथ में सपा के कई बड़े नेता भी थे। सपा के कई प्रकोष्ठों के पूर्व अध्यक्ष उनके साथ थे। उनका कहना था कि भक्त हूं। ईश्वर से शक्ति मांगने के लिए आया हूं। जब भी मन विचलित होता है भगवान की शरण में आ जाता हूं। अब शिवपाल सिंह जो भी कहें लेकिन योगी से मुलाकात करके अगले ही दिन भगवान की शरण में पहुंचने के कई मायने निकाले जा रहे हैं।
यह भी हो सकता है कि कुछ नया करने से पहले शिवपाल सिंह यादव भगवान और संतों का आशीर्वाद लेने के लिए पहुंचे हों। क्योंकि सपा में चल रही कलह को देखते हुए पार्टी में दो फाड़ होना तय माना जा रहा है। सपा मुखिया मुलायम सिंह यादव और पूर्व प्रदेश अध्यक्ष शिवपाल सिंह यादव इसका इशारा भी कर चुके हैं। शिवपाल के करीबी नेता पिछले तीन दिनों से लखनऊ में डेरा डाले हुए हैं। जबकि कई जिलों से नेता लखनऊ पहुंच रहे हैं।