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UP: मक्का में नहीं निकले दाने, बीज कंपनी को नोटिस; 54 किसानों की फसल की होगी वैज्ञानिक जांच

Sat, 20 Jun 2026 12:29 PM IST
Dhirendra Singh अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा

सार

मथुरा के बलदेव क्षेत्र में मक्के की फसल में दाने नहीं आने पर कृषि विभाग ने हिल इंडिया लिमिटेड को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। राज्य और जिला स्तर की टीमें 54 किसानों के खेतों, बीज और मिट्टी की जांच कर चार-पांच दिनों में रिपोर्ट सौंपेंगी, जिसके आधार पर कार्रवाई और मुआवजे पर फैसला होगा।
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मक्का - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
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विस्तार
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मथुरा के बलदेव क्षेत्र में खड़ी मक्का की फसल में सिर्फ दिखावे का भुट्टा आने पर जिला कृषि अधिकारी ने बीज बनाने वाली कंपनी हिल इंडिया लिमिटेड को कारण बताओ नोटिस जारी कर जवाब तलब किया गया है। साथ ही शासन स्तर से और जिला स्तर से कृषि विशेषज्ञों की दो अलग-अलग टीमें गठित की गई हैं। ये विशेषज्ञ भुट्टे, मक्के का बीज और खेतों की मिट्टी जांचेंगे और चार से पांच के अंदर अपनी रिपोर्ट उच्च अधिकारियों को सौंपेंगे।
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अधिकारियों के अनुसार, कुल नौ कृषि विशेषज्ञों को इस जांच शामिल किया गया है। पूरे प्रकरण की गहराई से पड़ताल करने के लिए राज्य कृषि निदेशालय लखनऊ से राज्य स्तरीय टीम बनाई गई है, जिसमें पांच शीर्ष कृषि विशेषज्ञ व अधिकारियों को शामिल किया गया है। इसमें आगरा मंडल के संयुक्त कृषि निदेशक, मथुरा के उप कृषि निदेशक(वर्तमान में जिला कृषि अधिकारी प्रभारी), कृषि विज्ञान केंद्र के डॉ. वाईके शर्मा और एक कंपनी के प्रतिनिधि को शामिल किया है। इसी तरह डीएम चंद्रप्रकाश सिंह के निर्देश पर सीडीओ डॉ. पूजा गुप्ता ने जिला कृषि अधिकारी आवेश कुमार सिंह, कृषि विज्ञान केंद्र के डॉ. वाईके शर्मा, जिला उद्यान अधिकारी डॉ. प्रशांत वर्मा, वरिष्ठ सहायक कृषि रक्षाकर्मी संजीव कुमार की चार सदस्यीय टीम का गठन किया है।

दोनों टीमें प्रभावित क्षेत्रों का दौरा कर खेतों से फसलों के नमूने एकत्र करेंगी। भुट्टे, मक्के की ब्रीड (प्रजाति) की आनुवंशिक गुणवत्ता और प्रभावित खेतों की मिट्टी की सेहत जांची जाएगी। विशेषज्ञ इस बात का बारीकी से अध्ययन करेंगे कि फसल में आई खराबी के पीछे बीज की गुणवत्ता में कमी थी, पर्यावरण का प्रतिकूल प्रभाव रहा या फिर मिट्टी के पोषक तत्वों का कोई असंतुलन कारण रहा। विशेषज्ञ खेतों की मिट्टी और मक्के की ब्रीड का वैज्ञानिक परीक्षण पूरा कर चार या पांच दिनों के भीतर अपनी विस्तृत जांच रिपोर्ट उच्च अधिकारियों को सौंपेंगे। जिला कृषि अधिकारी ने कहा है कि जांच रिपोर्ट के आधार पर यदि कंपनी के बीजों में खराबी या किसी भी प्रकार की धोखाधड़ी पाई जाती है तो कंपनी के खिलाफ विधिक कार्रवाई की जाएगी। किसानों को उचित मुआवजा दिलाने की पहल भी की जाएगी।
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54 किसानों ने बोया था हिल इंडिया कंपनी का बीज
मक्के की फसल में दाने न पड़ने वाले हिल इंडिया कंपनी के बीज को जिलेभर के 54 किसानों ने अपने खेतों में बोया था। प्रशासन ने एहतियात के तौर पर इन सभी 54 किसानों की मक्के की शत-प्रतिशत फसल की व्यापक वैज्ञानिक जांच कराने का निर्णय लिया है। अधिकारियों के अनुसार, विभिन्न राजकीय और मान्यता प्राप्त सरकारी कृषि केंद्रों के माध्यम से किसानों को हिल इंडिया कंपनी का कुल 16 क्विंटल मक्का का बीज आवंटित (वितरित) किया गया था। सरकारी केंद्रों से बीज मिलने के कारण किसानों को इसकी गुणवत्ता पर पूरा भरोसा था और बीज वितरण करने वाले जिम्मेदारों ने अच्छी पैदावार का भी दावा किया था। लेकिन, बलदेव क्षेत्र में खड़ी फसल में केवल खोखले भुट्टे नजर आए तो किसानों के होश उड़ गए। प्रभावित किसानों ने इसकी शिकायत जिला प्रशासन से की। इसके बाद मामले ने तूल पकड़ लिया। जिला कृषि अधिकारी आवेश कुमार सिंह ने बताया कि सभी 54 किसानों के खेतों का स्थलीय निरीक्षण कर रिपोर्ट तैयार की जा रही है। रिपोर्ट के आधार पर ही आगे की दिशा तय की जाएगी।
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