मथुरा में एक बार फिर दलित दूल्हे के बरात में हंगामा हो गया। कुछ युवकों ने डीजे बंद करा दिया। इतना ही नहीं दूल्हे को बग्गी से खींच लिया गया। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई। पुलिस की मौजूदगी में शादी हो सकी।
मथुरा के थाना नौहझील क्षेत्र के एक गांव में बरात चढ़ने के दौरान दबंगों ने अनुसूचित जाति के दूल्हे को न केवल बग्गी से उतार दिया बल्कि डीजे भी बंद करा दिया। आरोप है कि दुल्हन के घर जाकर उसके परिजनों को पीटा और जमकर तोड़फोड़ की। पुलिस की मौजूदगी में किसी तरह से बरात चढ़ सकी। पुलिस और भीम आर्मी के कार्यकर्ताओं की मौजूदगी में ही फेरे और जयमाल की रस्म अदा की गई। दुल्हन के चाचा ने 3 नामजदों सहित 20-25 लोगों के खिलाफ थाने में तहरीर दी है।
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गांव भूरेका निवासी पूरन सिंह ने बताया कि उनकी भतीजी की शादी अलीगढ़ स्थित थाना चंडौस के गांव नगला पदम निवासी आकाश से तय हुई थी। बरात 20 मई की रात भूरेका गांव पहुंची। रात लगभग साढ़े 12 बजे बरात चढ़ रही थी कि पड़ोसी गांव नावली व अलीगढ़ के गांव महाराम गढ़ी निवासी जाट बिरादरी के 3 युवक अपने 20-25 साथियों के साथ यहां पहुंच गए। उन्होंने बरात को रोक लिया और जातिसूचक गालियां देते हुए डीजे बंद करा दिया।
कहा कि बग्गी पर बैठकर अनुसूचित जाति के दूल्हे की बरात नहीं चढ़ेगी। तुम्हारी इतनी मजाल कैसे हो गई कहते हुए बरातियों को गालियां देते हुए लाठी-डंडों से पीटा। चेतावनी दी कि दोबारा डीजे बजाया या बग्गी पर बैठकर बरात निकाली तो दूल्हे को गोली मार देंगे। पीड़ितों ने डायल 112 पर सूचना दी तो चौकी प्रभारी हसनपुर अशेष कुमार पुलिस फोर्स के साथ मौके पर पहुंच गए। उन्होंने अपनी देखरेख में बरात निकलवाई और जयमाला व फेरे कराए।
बुधवार सुबह 6 बजे पुलिस गांव से लौट गई। आरोप है कि इसके बाद लगभग 8 बजे 6 बाइकों पर सवार होकर युवक कपड़े से चेहरा ढक कर आए। एक बाइक पर तीन-तीन युवक सवार होकर आए थे। सभी के पास तमंचे, चाकू व लाठी-डंडे थे। उन्होंने दुल्हन के घर में घुसकर परिजन को गालियां दीं और मारपीट की। इसमें पूरन, मनीष कुमार, प्रहलाद, धीरज, सुरेश चंद व सूरजमुखी आदि घायल हो गए हैं। आरोप है महिलाओं के साथ भी अभद्रता की। जाते-जाते जान से मारने की धमकी दी और घर के बाहर खड़ी ईको गाड़ी, बाइक, चारपाई व कुर्सियों को भी तोड़ दिया।
सूचना मिलते ही भीम आर्मी के कार्यकर्ता गांव पहुंचे और परिजन को सांत्वना दी। पुलिस भी फिर से मौके पर पहुंच गई। पुलिस व भीम आर्मी के कार्यकर्ताओं की मौजूदगी में दुल्हन को दोपहर में विदा कराया गया। पुलिस दूल्हा-दुल्हन को अलीगढ़ जिले की सीमा तक छोड़कर आई। पुलिस ने आरोपियों के घर दबिश भी दी, मगर कोई भी पुलिस के हत्थे नहीं चढ़ सका। पुलिस टीमें आरोपियों की तलाश में जुटी हुई हैं। सीओ गुंजन सिंह ने बताया कि तहरीर मिली है, केस दर्ज कर आरोपियों को पकड़ा जाएगा।
मां ने बस्ती के सहयोग से की शादी
दुल्हन के पिता की मौत हो चुकी है व उसका कोई भाई भी नहीं है। मां ने मेहनत मजदूरी कर बेटी को पाला-पोसा व बस्ती के सहयोग से बेटी की शादी की। मां ने बताया कि घटना के बाद से परिवार भयभीत है और घरों के बाहर के ताले लगाकर किसी तरह से रिश्तेदार व अन्य परिजन को बचाया। रिश्तेदार भी इस आशंका में रहे कि कहीं लौटते समय दबंग उन्हें रास्ते में पीट न दें। उधर, बरात चढ़ाकर लौट रहे घोड़ा बग्गी संचालक को दबंगों ने ईखू नहर पर रोक लिया। आरोप है कि उसे पीटकर रुपये छीन लिए। हालांकि पुलिस ने रुपये छीनने की घटना से इन्कार किया है।