वृंदावन। ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर में दर्शन के लिए जिला एवं पुलिस प्रशासन द्वारा बनाई गई योजना स्थानीय लोगों के लिए मुसीबत बन गई है। मंदिर के आसपास रहने वाले लोग घरों में कैद होकर रह गए हैं। बांकेबिहारी के दर्शन के समय दो कदम का रास्ता तय करने के लिए स्थानीय लोगों को कई किलोमीटर घूमकर तय करना पड़ रहा है। इस व्यवस्था से स्कूली बच्चे भी प्रभावित हो रहे हैं। व्यापार पर भी असर पड़ रहा है। लोगों ने समस्या के समाधान की मांग की है। ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर परिसर के आसपास की गई बैरिकेडिंग के कारण सुबह-शाम दर्शन के समय लगभग 8 घंटे किसी काम के लिए घर से बाहर निकलना मुश्किल हो गया है। स्थानीय लोगाें को दर्शनार्थी की तरह गलियों से गुजरकर लंबा रास्ता तय करने के बाद ही अपने कामकाज निपटाने पड़ रहे हैं। किसी घर में बुजुर्ग या बीमार या फिर किसी के रिश्तेदार को घर तक पहुंचना हो तो इसके लिए लंबा रास्ता तय करना पड़ रहा है।
स्थानीय निवासी महाराम सिंह, रजत गोस्वामी, गोपाल गोस्वामी, मुकंद गोस्वामी आदि ने बताया कि मंदिर के गेट नंबर एक और दो के बीच में लगाया गया गेट हम जैसे स्थानीय लोगों के लिए परेशानी का कारण बन गया है। पुलिस प्रशासन को इसका समाधान करना चाहिए।