मथुरा। गांव पंचायतों में वित्तीय कार्यों को पारदर्शी बनाने के लिए लागू ई-ग्राम स्वराज एवं पंचायत गेटवे पोर्टल के नियमों की अवहेलना करने वाले 10 पंचायत सचिवों के खिलाफ प्रशासन ने कार्रवाई की है। संबंधित सचिवों को पुनरावृत्ति न करने की चेतावनी दी गई है।
निदेशक पंचायतीराज के निर्देशों के तहत ग्राम सचिवालय में स्थापित कंप्यूटर सिस्टम से ही ई-ग्राम स्वराज पोर्टल पर कार्ययोजना अपलोड करने और पंचायत गेटवे पोर्टल के माध्यम से भुगतान करने के निर्देश दिए गए थे। इसके बावजूद ग्राम पंचायत हरनौल, जानू, महरौली, मुडसेरस, शेरनी, ऊधर, बोरपा, डाहरौली, पचावर, अयेरा, नेरा बांगर एवं कमई से जुड़े 10 सचिवों ने इन निर्देशों का पालन नहीं किया। जांच में पाया गया कि अप्रैल 2026 में राज्य वित्त एवं 15 वें वित्त आयोग मद से कुल 70,79,974 रुपये का भुगतान पंचायत सचिवालय के बाहर अन्य स्थानों से किया गया। सचिवों ने गेटवे पोर्टल को लॉगिन किए बिना सीधे ई-ग्राम स्वराज पोर्टल पर वाउचर तैयार कर भुगतान की प्रक्रिया पूरी की और बाद में विवरण पोर्टल पर फीड किया। इसे वित्तीय नियमों और शासनादेशों का उल्लंघन माना गया है। इस संबंध में इन सचिवों को कारण बताओ नोटिस जारी कर तीन दिन में जवाब मांगा गया था, लेकिन किसी भी सचिव ने निर्धारित अवधि में स्पष्टीकरण प्रस्तुत नहीं किया।
गेटवे पोर्टल पर कार्य और भुगतान से जुड़ी प्रत्येक प्रकार की जानकारी होनी चाहिए। इन सचिवों की गलती के चलते वित्तीय नियमों का उल्लघंन पाया गया है। इस कारण यह कार्रवाई की गई है। सचेत नहीं हुए तो आगे और भी बड़ी कार्रवाई होगी।
धनंजय जायसवाल, जिला पंचायती राज अधिकारी, मथुरा।