मथुरा। घरेलू हिंसा से पीड़ित महिलाओं को एक छत के नीचे संबंधित सुविधाएं उपलब्ध कराने की मंशा से जिला अस्पताल परिसर में वन स्टॉप सेंटर का निर्माण कराया जाएगा। करीब आठ माह बाद वन स्टॉप सेंटर को अपना भवन मिलेगा। इसका निर्माण कार्य शुरू हो गया है।
जिले में दो वन स्टॉप सेंटर संचालित किए जा रहे हैं। एक वृंदावन में दूसरा सदर ब्लॉक के पास सरकारी भवन में संचालित हो रहा है। वन स्टॉप सेंटर के दोनों जगह अस्थायी कार्यालय हैं। शासन की ओर से जिले में हिंसा पीड़ित महिलाओं को एक ही छत के नीचे जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराए जाने को लेकर प्रस्ताव मिला था। इसके तहत प्रोबेशन विभाग की ओर से भवन निर्माण के लिए डीपीआर तैयार कर शासन को भेजी थी। प्रस्तावित योजना पर शासन की मुहर लग गई है। 60 लाख रुपये से भवन का निर्माण होगा।
जिला प्रोबेशन अधिकारी विकास चंद्र ने बताया है कि जिला अस्पताल परिसर में वन स्टॉप सेंटर के लिए भवन निर्माण कराया जाएगा। शासन से बतौर पहली किस्त 30 लाख रुपये आवंटित की गई है। एमवीडीए इस भवन का निर्माण कराएगा।
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महीनेभर में 50 से 60 मामले पहुंचते हैं वन स्टॉप सेंटर
जिला प्रोबेशन अधिकारी ने बताया कि एक माह में हिंसा से पीड़ित महिलाओं की काउंसलिंग से जुड़े करीब 40 से 60 मामले वन स्टॉप सेंटर पर पहुंचते हैं। इनमें करीब 4 से 5 मामले ऐसे होते हैं, जिनमें कि पीड़ित महिलाओं को सेंटर पर प्रवास कराया जाता है। ऐसी स्थिति में काफी पेरशानी का सामना करना पड़ता है।