वाच टावर पर चढ़े वृद्ध ने किया हंगामा
- फोटो : अमर उजाला वृंदावन
नगर के प्राचीन मीराबाई मंदिर के स्वामित्व को लेकर दो भाई वृद्धावस्था में आमने सामने आ गए। इनमें से एक इतना व्यथित हुआ कि लोगों का ध्यान आकर्षित करने के लिए मंगलवार की सुबह नगर पालिका के वाच टावर की छत पर चढ़ गया। वृद्ध को उतारने में पुलिस के पसीने छूट गए। पुलिस ने दोनों भाईयों का शांति भंग में चालान कर दिया है।
मीराबाई मंदिर के सेवायत प्रबल प्रताप सिंह मंगलवार की सुबह नगर पालिका पहुंचे और वाच टावर की छत पर पहुंच गए। यहां से उन्होेंने लोगाें का ध्यान अपनी ओर करने के लिए इधर-उधर घूमना शुरू कर दिया और कूदने की धमकी दी। अनहोनी के डर से लोगों ने कोतवाली पुलिस को सूचना दे दी। सूचना पर भारी पुलिस बल नगर पालिका पहुंच गया।
यहां पुलिस ने पहले प्रबल प्रताप सिंह को मनाने का प्रयास किया। इसी बीच कुछ जवान पीछे से छत पर पहुंच गए। पुलिस ने प्रबल प्रताप सिंह को हिरासत में ले लिया और छत से नीचे उतार लाए। पुुलिस ने प्रबल प्रताप सिंह और उनके भाई प्रद्युमभन प्रताप सिंह का शांति भंग में चालान कर दिया है।
बताया गया है कि नगर के प्राचीन मीराबाई मंदिर के स्वामित्व को लेकर प्रद्युमभन प्रताप सिंह और प्रबल प्रताप सिंह में विवाद है। प्रबल प्रताप का कहना है कि वे परिवार के साथ वृंदावन से बाहर रहते हैं और मंदिर की देखरेख के साथ सेवा प्रद्युमभन प्रताप करते हैं। प्रबल प्रताप सिंह के अनुसार वे जब भी मंदिर में प्रवेश करते हैं तो प्रद्युमभन उन्हें मंदिर में घुसने नहीं देते। इसे लेकर उनका अपने भाई से अक्सर विवाद रहा है। कई बार पंचायत के बाद भी कोई नतीजा नहीं निकला।
प्रबल ने कहा कि प्रद्युमभन अपनी बहनों को भी मंदिर में नहीं आने देते और उनके साथ भी मारपीट करते हैं। इधर प्रद्युमभन प्रताप सिंह ने आरोप लगाया कि उनके भाई प्रबल प्रताप सिंह झगड़ालू हैं, जब भी मंदिर में आते हैं यहां की मर्यादा और शांति को नुकसान पहुंचाते हैं।