मथुरा। विद्युत निगम द्वारा एकमुश्त समाधान योजना (ओटीएस) को सफल बनाने के लिए स्वास्थ्य विभाग के सामुदायिक केंद्रों को भी शामिल कर लिया है। अब ओटीएस योजना के लिए सीएचसी पर भी उपभोक्ता अपना पंजीकरण करा सकते हैं। महानगर के सभी सीएचसी पर विद्युत निगम द्वारा अपना कर्मचारी बिठा दिया है।
महानगर में विद्युत उपभोक्ताओं पर निगम का करीब 800 करोड़ रुपये का बकाया है। इसे वसूलने के लिए अधिकारियों द्वारा चेकिंग अभियान, कनेक्शन काटने का अभियान चलाया, लेकिन वसूली में ज्यादा सफलता नहीं मिली। इसी तरह का हाल पूरे प्रदेश का है। योगी सरकार ने बकाया वसूली के लिए आठ नवंबर से 31 दिसंबर तक एक मुश्त समाधान योजना (ओटीएस) की है। इसके तहत किसान, विद्युत बकाएदारों एवं बिजली चोरी के मामले के बकाएदारों को सरचार्ज में 100 प्रतिशत की छूट प्रदान की जा रही है। योजना के पंजीकरण के लिए सभी बिजली घरों पर काउंटर बनाए गए हैं। इसके बाद भी पंजीकरण की संख्या में खासा इजाफा नहीं हुआ है।
अब विद्युत निगम ने पंजीकरण के लिए स्वास्थ्य विभाग के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) को भी शामिल कर लिया है। निगम के अधिकारियों ने जिले में संचालित सभी 12 सीएचसी केंद्रों पर पंजीकरण के लिए अपना कर्मचारी बिठा दिया है। निगम की सोच है कि जो लोग सीएचसी पर जो लोग उपचार के लिए आते हैं वह कांउटर देखेंगे तो अपना पंजीकरण अवश्य कराएंगे।
ओटीएस योजना का लोग ज्यादा से ज्यादा फायदा उठा सके। इसके लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर भी पंजीकरण की सुविधा शुरू की गई है।
-प्रद्युम्न त्रिपाठी, मुख्य अभियंता विद्युत निगम