मथुरा के नंदगांव में पौराणिक महत्व के स्थल और श्रील रूप गोस्वामी जी की भजन स्थली कदंबटेर में रविवार को धूमधाम से रसोत्स्व मनाया गया। इस दौरान भजन संध्या का आयोजन किया गया। ब्रज रसिक भजन सम्राट जेएसआर मधुकर ने पद एवं भजनों द्वारा स्थान का महत्व बताया गया। उन्होंने कदंब चढ़ कान्ह बुलावत गैया, वृषभानु की लली सांवरिया से नेहरा लगाय के चली, आगे गाय पाछे गाय, रोय-रोय के ये कहै यशोदा आदि भजनों का गायन किया गया।
कार्यक्रम का आयोजन ब्रज संस्कृति संगीत समिति द्वारा किया गया। हृषिकेशदास ने बताया कि कदंबटेर भगवान श्रीकृष्ण की प्रथम गोचारण स्थली है। यहां भगवान श्रीकृष्ण कदंब के वृक्षों पर चढ़ कर गायों को टेर लगाते थे। यह स्थली रूप गोस्वामी की भजन स्थली भी रही है। राधारानी ने स्वयं अपने भक्त को खीर बना कर खिलाई थी। इस अवसर पर भावना सखी, शशि सखी, मदन बिहारी, गीतकृष्ण शर्मा, श्यामसुंदर दास, किशोरी शरण, अशोक अग्रवाल, स्वीर शाह आदि मौजूद थे।