इसके बाद कांनों के कुंडल, पाजेब, हाथों में पहनी चूड़ी उतारकर फरार हो गए। कुछ ही समय में उसने दम तोड़ दिया। बुधवार सुबह देर तक जब माया नहीं जगी तो घरवालों ने जाकर देखा। कमरे का दृश्य देखकर उनकी चीख निकल गई। कमरे में खून बिखरा था। माया का शव खून से लथपथ पड़ा था।
चारों और खून के छींटे नजर आ रहे थे। खबर फैली तो गांव के लोग पहुंच गए। इसकी सूचना पुलिस को दी गई। सूचना पर एसपी ग्रामीण त्रिगुण विषेन, सीओ आशीष शर्मा, प्रभारी निरीक्षक अजीत सिंह फोर्स के साथ वहां पहुंच गए। फोरेंसिंक टीम ने पहुंचकर साक्ष्य संकलित किए। प्रभारी निरीक्षक अजीत सिंह का कहना था कि जांच के बाद ही कुछ कहा जा सकता है।