मथुरा। ग्राम पंचायत चुनाव से पहले सहकारी समितियों के कर्ज में डूूबे प्रधानों की सूची बनाने के काम की जिम्मेदारी सहकारी समिति के सचिवों को सौंपी गई है। यह जिम्मेदारी किसान भवन में आयोजित बैठक में दी गई। बैठक में इस कार्य के अलावा वार्षिक बैठक पर भी विचार-विमर्श हुआ और कार्यक्रम की रूपरेखा तय की गई।
जनपद के किसानों पर सहकारिता विभाग का करीब 220 करोड़ रुपये बकाए हैं। इस बकाए को वसूलने के लिए सरकार किसानों के लिए तरह-तरह की योजना तैयार कर रही है, जिसमें एक मुश्त समाधान योजना भी शामिल है। इस योजना को परवान चढ़ाने के लिए डैंपियर नगर के किसान भवन में सहकारिता सचिवों की बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में सचिवों को निर्देश दिए गए कि वह सभी प्रधान, बीडीसी, पंचायत सदस्यों के अलावा सभी कर्जदार किसानों की सूची बनाएं। बैठक में शामिल हुए एआर कोऑपरेटिव रविंद्र कुमार ने बताया कि सोमवार से सभी सचिव कर्जदार किसानों की सूची तैयार करेंगे। इस सूची का किसानों का कर्ज माफ करने को बनाई गई एक मुश्त समाधान योजना में प्रयोग करेंगे। इस सूची को डीपीआरओ कार्यालय को भी भेजा जाएगा। बैठक में वार्षिक बैठक के संबंध में भी विचार-विमर्श हुआ।