मांट (मथुरा)। अभी तक कोरोना के कहर से बच रहे गांवों पर भी खतरा मंडराने लगा है। दिल्ली, नोएडा, गाजियाबाद, मुंबई, पंजाब और हरियाणा से अपने घरों को लौटे मजदूर क्वारंटीन की सीमा रेखा लांघकर खेतों पर काम कर रहे हैं। गेहूं की फसल की कटाई चल रही है। प्रशासन ने सभी को 14 दिन घरों पर रहने के लिए कहा था। इनके घरों पर नोटिस भी चस्पा किए गए थे। मजदूरों का कहना है कि गेहूं की कटाई न करेंगे तो परिवार को कैसे पालेंगे। शहरों में काम बंद हो गया है तो कम से काम गांव में तो मजदूरी मिल रही है।
मांट क्षेत्र से बड़ी संख्या में लोग दिल्ली, गाजियाबाद, नोएडा, ग्वालियर, पंजाब और हरियाणा में रोजगार के लिए जाते हैं। लॉकडाउन के बाद तमाम मजदूर अपने गांवों को लौट आए हैं। पांच हजार से भी ज्यादा मजदूर मांट और आसपास के गांवों में पहुंचे हैं। प्रशासनिक टीमों ने स्क्रीनिंग करने के बाद सभी को उनके घरों पर रहने के लिए कहा था। अकेले मांट तहसील में ही 1483 मजदूरों को क्वारंटीन किया जा चुका है। सुबह ही गेहूं कटाई के लिए लोग निकल जाते हैं।
इनके घरों पर पोस्टर लगे हैं कि लोग इनसे दूरी बनाकर रखें, लेकिन फिर भी ग्रामीण बेरोकटोक इनके पास आ-जा रहे हैं। मजदूर प्रहलाद का कहना था कि वह दिल्ली में नौकरी करता था। वहां काम बंद हो गया है। अब गांव का ही सहारा है। सोहन सिंह ने बताया कि वह पंजाब से लौटा है, पूरी तरह से स्वस्थ है। लिहाजा घर में रहने से क्या फायदा।