छाता। बार के पूर्व अध्यक्ष के साथ अभद्रता करने तथा उन्हें नाजायज तरीके से हवालात में बंद करने के विरोध में मंगलवार को बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों व सदस्यों ने सीओ कार्यालय में छाता कोतवाली इंस्पेक्टर के खिलाफ जम कर विरोध प्रदर्शन किया। इंस्पेक्टर मुर्दाबाद के नारे लगाए।
बार के अध्यक्ष रोहिणीश्वर शर्मा ने बताया कि कोतवाली में तैनात थाना प्रभारी अशोक कुमार के खिलाफ सभी अधिवक्ताओं ने मिल कर एक दिन का नो वर्क और नारेबाजी करते हुए विरोध प्रदर्शन किया है।17 जुलाई को बार एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष सुरेंद्र सिंह अपने किसी पक्षकार के साथ थाने गए थे। जैसे ही उन्होंने अपनी बात रखी, तभी इंस्पेक्टर उन पर भड़क गए और उन्हें हवालात में बंद कर दिया।
कोतवाल ने उनकी उम्र का भी लिहाज नहीं किया। इसकी भनक लगते ही अधिवक्ताओं ने इसका विरोध किया। निर्णय लिया कि वे 22 जुलाई को एसएसपी अभिषेक यादव से इस संबंध में मिलेंगे। अगर कोई कार्रवाई नहीं की गई तो बड़ा आंदोलन किया जाएगा। बार के पदाधिकारियों व सदस्यों ने छाता तहसील प्रांगण सीओ कार्यालय के सामने इंस्पेक्टर मुर्दाबाद व वकील एकता जिंदाबाद के नारे लगाए।
पूर्व सचिव वीरेंद्र सारस्वत ने कहा कि थाने में तैनात प्रभारी और कांस्टेबलों का काम करने का रवैया गलत है। इनसे क्षेत्र की जनता परेशान है। फरियादी अपनी फरियाद लेकर थाने जाने से डरते हैं। बार के सुनील पांडेय ने बताया कि थाने में मौजूद कांस्टेबल सोनू कुमार लोगों के साथ अभद्र व्यवहार करता है। चरित्र प्रमाण पत्र की वैरिफिकेशन करने के लिए लोगों से सेवा शुल्क मांगा जाता है। सेवा शुल्क न देने पर कांस्टेबल गाली-गलौज करता है।