नेपाली समाज की प्राचीन भजनकुटी को ढहाने के आरोपियों की तलाश में पुलिस लगातार दबिश दे रही है। वहीं मामले में वादी भजनकुटी सेवा संस्थान के सचिव बालकृष्णदेवाचार्य ने मोबाइल फोन पर धमकी मिलने की शिकायत की। इस पर एसएसपी ने उनकी सुरक्षा के लिए गनर को तैनात किया है।
बालकृष्ण देवाचार्य के अनुसार बीते दो दिन से उनके मोबाइल पर कई फोन आए। दूसरी ओर से बोलने वाले व्यक्ति ने धमकी भरे शब्दों में उन्हें केस से हटने के लिए कहा।
इसकी शिकायत बालकृष्ण देवाचार्य ने एसएसपी डा. राकेश सिंह से की। एसएसपी ने बालकृष्ण देवाचार्य को गनर उपलब्ध कराने के साथ ही भजनकुटी की सुरक्षा के लिए पुलिसबल बढ़ाने के आदेश वृंदावन पुलिस को दिए हैं।
कोतवाली प्रभारी ने बताया कि भजनकुटी में पीड़ितों की सुरक्षा को देखते हुए और अधिक पुलिस तैनात की गई है। जिन नंबरों से बालकृष्णदेवाचार्य को धमकियां दीं जा रहीं थीं, उन्हें सर्विलांस पर लगाया है।
मदद के लिए आगे आएं संत
भजनकुटी ढहने के बाद मौके पर पहुंचे कई लोगों ने पीड़ित साधुओं को आश्रम और मंदिर के पुनर्निर्माण के लिए मदद का एलान तो किया, लेकिन मदद अभी तक नहीं पहुंची। इससे मंदिर का निर्माण कार्य बीच में रुक गया है।
शुक्रवार को विरागी बाबा आश्रम के महंत हरिबोल महाराज और महामंडलेश्वर बालयोगेश्वरानंद महाराज ने भजनकुटी पहुंच कर बालकृष्ण देवाचार्य से वार्ता की। इसके बाद महामंडलेश्वर बालयोगेश्वरानंद महाराज ने 51000 रुपये की आर्थिक सहायता देेते हुए अन्य लोगों से मंदिर निर्माण के लिए मदद करने को कहा है।