मंडी समिति में गुरुवार को आलू खरीद केंद्र शुरू हो गया है। यहां पहले दिन कोई भी किसान आलू लेकर नहीं पहुंचा। शासन ने 487 रुपये प्रति कुंतल आलू का भाव तय किया है, जबकि इस समय मंडी में 500 रुपये कुंतल के हिसाब से आलू बिक रहा है।
दरअसल सरकार ने जो आलू का समर्थन मूल्य घोषित किया है वह मंडी रेट से भी काफी कम है। अब इन स्थितियों में सरकारी केंद्रों पर किसान आलू बेचकर नुकसान क्यों उठाएगा। यही वजह है कि पहले दिन कोई किसान पहुंचा ही नहीं।
जिला उद्यान अधिकारी मुकेश कुमार ने बताया कि आलू खरीदने के लिए पूरे इंतजाम कर लिए गए हैं। आगामी दिनों में राया और बलदेव में भी खरीद केंद्र खोले जाएंगे। बताया कि कटा-फटा, टेड़ामेड़ा और छोटा आलू नहीं खरीदा जाएगा। मोटे और गोल आलू की ही केंद्र पर खरीद होगी।
जिले में नहीं भंडारण के इंतजाम
आलू खरीद के लिए भले ही मथुरा की मंडी समिति में खरीद केंद्र खोले जा रहे हैं, लेकिन मथुरा के कोल्ड स्टोरेज में आलू रखने को जगह नहीं है। उद्यान अधिकारी ने बताया कि इसके लिए आगरा के दो कोल्ड स्टोरेज चयनित किए गए हैं।