मथुरा से दिल्ली जा रहा डीजल भरा टैंकर मंगलवार की दोपहर को हाईवे पर आग का गोला बन गया। अचानक हुए शार्ट सर्किट से टैंकर में लगी आग को देखते हुए हाईवे पर यातायात भी रोक दिया गया था। करीब आधा घंटे की मशक्कत के बाद दमकल कर्मियों ने आग पर काबू पाया।
मंगलवार को दोपहर करीब पौने दो बजे इंडियन ऑयल का टैंकर मथुरा से दिल्ली की ओर जा रहा था। हाईवे पर सुच्चा ढाबा के निकट अचानक चलते हुए टैंकर से आग की लपटें निकलने लगीं। चालक और क्लीनर ने टैंकर को हाईवे किनारे खड़ा कर उसमें से कूद कर अपनी जान बचाई। वे डर कर भाग गए।
थोड़ी देर में आग ने भयंकर रूप धारण कर लिया। चारों ओर धुआं ही धुआं और भयंकर आग देख आसपास के ढाबों पर बैठे लोग हाईवे से दूर भाग गए। हाईवे के दोनों ओर यातायात थम गया। दमकलों द्वारा आग पर काबू पाने के बाद ही हाईवे को सुचारु किया गया।
आग की सूचना पर करीब 2:15 बजे फायर ब्रिगेड की पांच गाड़ियां मौके पर पहुंच गईं। 20 मिनट में दमकलकर्मियों ने आग पर काबू पा लिया। 3:30 बजे तक दमकलकर्मी टैंकर को ठंडा करने के लिए उस पर पानी की बौछारें करते रहे। आग से टैंकर का केबिन और टायर जल गए।
आग का कारण केबिन में हुए शार्ट सर्किट को बताया जा रहा है। केबिन में शार्ट सर्किट होने से सबसे पहले आग केबिन में लगी। गनीमत रही कि आग डीजल तक नहीं पहुंची, नहीं तो बड़ा हादसा हो सकता था।
ढाबों पर बेचा जा रहा डीजल
चौमुंहा। कुछ लोगों का कहना है कि हाईवे किनारे बने ढाबों पर टैंकर चालक टैंकरों को खड़ा कर उनमें से डीजल और पेट्रोल ढाबा संचालकों को कम दामों में बेच जाते हैं। हो सकता है कि आग लगने वाले टैंकर के चालक और क्लीनर तेल निकाल रहे हों। गर्मी अधिक होने के कारण टैंकर में आग लग गई हो।