आरोप है कि अनूप ने उसे उधार बिस्कुट आदि देने से मना कर दिया। इसी बात तो लेकर विवाद बढ़ गया। इधर अनूप ने अपने पक्ष के लोग बुला लिये उधर दूसरी ओर महेन्द्र पक्ष के लोग इकठ्ठा हो गया। विवाद बढने लगा। गाली-गलौज से शुरु हुई लड़ाई पथराव तक आ गई।
दोनों ओर छतों से पथराव होने लगा। पथराव होते ही गांव में भगदड़ मच गई। ग्रामीण अपनी जान बचाने को इधर-उधर दौड़ने लगे, लेकिन इस बीच हुए पथराव के चलते करीब डेढ दर्जन लोग घायल हो गए। पुलिस ने इस मामले में 19 नामजद और 15 ग्रामीणों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। मौके पर पहुंची पुलिस ने घायलों को सीएचसी फरह में भर्ती कराया है।
सीएचसी अधीक्षक डॉ. रामवीर ने बताया कि करीब डेढ दर्जन लोगों का प्राथमिक उपचार किया गया है। जिनमें अतुल, मानसिंह, गीतम, पंकज, विजयसिंह, शिवा, नेत्रपाल, यदुवीर, हेमन्त, घनश्याम, सुशील आदि घायलों का इलाज किया गया है। वहीं सिर में चोट लगने के कारण रमेश को आगरा के एसएन मेडीकल कॉलेज रेफर किया गया है।
सीओ रिफाइनरी अनिल कपरवान ने बताया कि बिस्किट आदि उधार मांगने को लेकर दो पक्षों में विवाद हो गया था। जिसमें करीब डेढ दर्जन लोग घायल हुए हैं। घायलों का मेडिकल परीक्षण कराया गया है। पुलिस ने अपनी ओर से ही मामले में प्राथमिकी दर्ज की है, जिसमें 19 नामजद और 15 अज्ञात ग्रामीणों को शामिल किया गया है।