ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर प्रबंध कमेटी के चुनावों में चार सदस्य निर्वाचित होने के बाद बाकी तीन सदस्यों का चयन मथुरा मुंसिफ के हाथों होना लगभग तय है। 24 मई को पूरा एक माह बीतने के बाद भी मंदिर के निर्वाचित चारों सदस्यों में तीन बाहरी सदस्यों के चुनाव के लिए एक राय नहीं बन पाई।
मंदिर प्रबंध कमेटी के एक माह पूर्व हुए चार सदस्यों के चुनावों में राजभोग के रजत गोस्वामी, ब्रजेश गोस्वामी निर्विरोध निर्वाचित हुए जबकि शयन भोग के गौरव गोस्वामी और दिनेश गोस्वामी को मतदाताओं ने चुना। मतदान के बाद से ही निर्वाचित चारों सदस्यों में आपसी सामंजस्य का अभाव देखा गया।
एक माह में चारों सदस्यों ने अन्य सदस्यों के चयन के लिए कोई नाम नहीं सुझाए, जबकि मंदिर की स्कीम के अनुसार मतदान के एक माह में इन्हीं निर्वाचित सदस्यों को कमेटी के पूर्ण गठन के लिए अन्य तीन सदस्यों का चयन कर आम सहमति पत्र बनाकर मथुरा मुंसिफ के समक्ष रखना था। मंगलवार की शाम पांच बजे तक चारों निर्वाचित सदस्यों में एक राय नहीं बन सकी। अब मथुरा मुंसिफ को 30 जून तक तीन सदस्यों का चयन कर नई कमेटी के गठन को अंतिम रूप देना है।
राजभोग निर्वाचित सदस्य रजत गोस्वामी ने कहा कि तीन बाहरी सदस्यों के चयन के लिए बुधवार को मथुरा मुंसिफ के यहां प्रार्थना पत्र देंगे। शयन भोग के एक सदस्य की हठधर्मिता के कारण कमेटी के तीन बाहरी सदस्यों का चयन नहीं हो सका।
कई बार बैठकों के लिए न्योता देने के बाद भी गौरव गोस्वामी बैठक में नहीं पहुंचे। शयन भोग से निर्वाचित सदस्य गौरव गोस्वामी का कहना है कि तीन बाहरी सदस्यों को चुनने के लिए आम राय बनाने की कोशिश ईमानदारी से नहीं की गई। कुछ सदस्य उन्हीं को पुन: नामित कराना चाह रहे थे, जो पिछली कमेटी में रहे। मैने इसका विरोध किया।