भारतीय खाद्य निगम (एफसीआई) के गोदाम पर बीते पांच दिनों से ट्रकों से गेहूं नहीं उतारने पर काफी हंगामा हुआ। यहां 24 से अधिक ट्रक गेहूं की बोरियां उतरने के इंतजार में हैं। क्रय केंद्र प्रभारियों और गुणवत्ता निरीक्षकों के बीच विवाद होता रहा।
कोसी-छाता क्षेत्र में स्थित खरीद केंद्रों पर खरीदा गया गेहूं खाद्य निगम के गोदामों में रखने की व्यवस्था है। क्रय केंद्रों के प्रभारी क्षेत्र एफसीआई के गोदाम पर गेहूं के ट्रक भेज रहे हैं। गुणवत्ता के मुद्दे पर विवाद के चलते पिछले पांच दिन से 24 ट्रक गोदाम पर खड़े हैं।
गेहूं की क्वालिटी के नाम पर एफसीआई के क्वालिटी निरीक्षक क्रय केंद्र के प्रभारियों से अवैध वसूली के प्रयास में लगे हुए है।
-संजय कुमार मिश्रा, सचिव सहकारी समिति रैपुराजाट
एफसीआई अनाज भंडारण, वितरण, संरक्षण में कोई रुचि नहीं दिखा रहा। सरकारी क्रय केंद्रों का गेहूं के भंडारण के लिए प्रशासन को कार्रवाई करनी चाहिए।
-बंगाली सिंह, केंद्र प्रभारी सीएमएस, मथुरा
पांच दिन से करीब 24 से अधिक ट्रक खडे़ हुए हैं। इनको गुणवत्ता निरीक्षकों ने गोदाम में उतरवाने से मना कर दिया है। उनका कहना था कि ये मानक के अनुरूप नहीं है।
-नीलमणि पांडेय, क्रेंद प्रभारी छिनपारई
एफसीआई कर्मचारी ट्रक से गेंहू उतरवाने के नाम पर पैसे की मांग कर रहे हैं। अधिकारियों से शिकायत पर भी कोई कार्रवाई नही हुई।
-गोविंद राम, केंद्र प्रभारी यूपी एग्रो, मथुरा
समस्या के निदान के प्रयास किए जा रहे हैं। इस संबंध में कोई शिकायत प्राप्त नहीं हुई है। एफसीआई अधिकारियों से वार्ता की जा रही है। गेहूं खरीद प्रभावित नहीं होगी।
- अजय कुमार अवस्थी, एडीएम प्रशासन