जानकारी के अनुसार, टैंटी गांव बाजार में अजय अग्रवाल की परचून की दुकान है और उसी के पीछे उनका आवास भी है। बुधवार-गुरुवार की रात लगभग एक बजे, पांच अज्ञात चोर छत के रास्ते आंगन के जाल को उठाकर घर में घुस गए। उस समय अजय अग्रवाल, उनकी पत्नी, बेटी और वृद्ध पिता सो रहे थे। चोरों ने पहले परिवार को बंधक बनाया और फिर घर में उत्पात मचाया।
चोरों ने घर के अंदर मौजूद दो कमरों के दरवाजों को तोड़ा। एक अलमारी में रखे जेवरात लूट लिए, जबकि दूसरे कमरे से लगभग 3,22,000 रुपये की नकदी लेकर फरार हो गए। घटना के बाद परिवार ने सुबह लगभग चार बजे पुलिस को सूचित किया।
सूचना मिलते ही डायल 112 की गाड़ी मौके पर पहुंची, जिसके बाद थाना सुरीर और आसपास के थानों की पुलिस भी पहुंच गई। जनपद के पुलिस मुख्यालय से फोरेंसिक, डॉग स्क्वायड, सर्विलांस और स्वाट की टीमें भी घटनास्थल पर भेजी गईं। सभी टीमों ने घटनास्थल से महत्वपूर्ण सैंपल एकत्र किए हैं। फोरेंसिक टीम को कुछ अहम सुराग हाथ लगे हैं। पुलिस आसपास के सीसीटीवी फुटेज भी खंगाल रही है।
ग्रामीण पुलिस अधीक्षक सुरेश चंद्र रावत ने बताया कि पुलिस की टीमें सक्रिय रूप से काम कर रही हैं और उन्हें महत्वपूर्ण लीड मिली हैं। उनका प्रयास है कि चोरी हुए सामान की जल्द से जल्द बरामदगी की जा सके। उन्होंने यह भी आश्वासन दिया कि अपराधियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी और घटना का अनावरण शीघ्र ही किया जाएगा। यह घटना चोरों द्वारा अपनाई गई नई तरकीब को भी उजागर करती है। पहले चोरी के इरादे से घर में घुसे, लेकिन असफल रहने पर उन्होंने परिवार को बंधक बनाकर डकैती को अंजाम दिया। इस तरह की घटनाएं पुलिस के लिए चुनौती पेश कर रही हैं।