दोनों पक्षों ने राया पुलिस से शिकायत की है।
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जाधव कुलभूषण की रिहाई की मांग को लेकर अभाविप के प्रदर्शन के दौरान लगाए गए नारों पर विवाद हो गया। दूसरे समुदाय के लोगों ने आपत्ति जताई। दोनों पक्षों में गाली गलौज हो गई। दोनों पक्षों ने राया पुलिस से शिकायत की है। पुलिस मुचलका भरने की बात कह रही है।
शुक्रवार की शाम अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (अभाविप) के कार्यकर्ताओं ने पाक प्रधानमंत्री नवाज शरीफ की प्रतीकात्मक अर्थी निकाली थी। गली-मोहल्लों में घुमाते हुए वे अर्थी को व्यापारी मोहल्ला में ले गए।
विद्यार्थी परिषद कार्यकर्ताओं ने ‘हिंदुस्तान में रहना होगा, वंदेमातरम कहना होगा’ के नारे लगाए। इस पर कटरा बाजार के निकट एक समुदाय के लोगों ने आपत्ति जताई। दोनों पक्षों में गाली-गलौज हो गई।
कुछ लोगों ने दोनों पक्षों को समझा-बुझा कर मामला शांत कराया। विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ताओं ने इसकी शिकायत पुलिस से की, बाद में दूसरा पक्ष भी थाना राया पहुंच गया और घटना के संबंध में शिकायत की।
शाम को पूर्व सभासद इसराइल खान, मुन्ना कुरैशी, अनवर खान, सूखा, हाजी इस्लाम मुन्ना, जाबिद आदि थाने पहुंचे। थाना प्रभारी प्रमोद पवार ने बताया कि समझदार लोगों ने मामला शांत करा दिया है। अब ऐसी कोई बात नहीं है। जिन लोगों ने हरकत की है, उनके खिलाफ मुचलका की कार्रवाई की जा रही है।