मथुरा। कोरोना वायरस के बढ़ते शिकंजे को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग की टीम ने रविवार को जनपद के 12 निजी हास्पिटल में कार्यरत 52 कर्मचारियों के सैंपल लिए हैं। इन सभी कर्मचारियों की रैंडम सैंपलिंग की गई है। इससे निजी हास्पिटल कर्मियों में खलबली मची हुई है।
जनपद में कोरोना के केसों की संख्या तेजी से बढ़ रही है। इस स्थिति को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने उन हास्पिटल के कर्मचारियों की जांच का भी फैसला किया है, जो वर्तमान स्थिति में आपातकालीन चिकित्सकीय सेवाएं प्रदान कर रहे हैं।
इस फैसले के तहत रविवार को डॉ भूदेव सिंह के नेतृत्व स्वास्थ्य विभाग की टीम में शामिल डॉ संदीप और डॉ देवेंद्र ने गोपी कृष्ण नर्सिंग होम, नयति मेडिसिटी, सिटी हॉस्पिटल, केडी मेडिकल कॉलेज, रामकृष्ण मिशन सेवाश्रम, राधेश्याम हॉस्पिटल, विपिन नर्सिंग होम, मेहता नर्सिंग होम, चौहान हॉस्पिटल, दीप नर्सिंग होम, स्वर्ण जयंती हॉस्पिटल आदि में अचानक पहुंचकर यहां कार्यरत कर्मचारियों के सैंपल एकत्रित किए।
इन्हें जांच के लिए भेज दिया गया है। प्रदेश सरकार ने जनपद के इन निजी अस्पतालों को आपातकालीन सेवाओं के लिए अनुमति प्रदान की थी। कई शहरों में ऐसी स्थिति सामने आ रही है कि चिकित्सकीय सेवाएं प्रदान कर रहे हास्पिटलों में कोरोना के मामले सामने आए हैं। इसी के दृष्टिगत रैंडम सैंपल लिए गए हैं।
पॉजिटिव केस मिलने के बाद क्षेत्रों में सर्वे शुरू
मथुरा। पिछले दो दिनों के दौरान शहर में सामने आए पॉजिटिव केस के बाद प्रशासन, पुलिस और स्वास्थ्य विभाग अग्रिम कार्यवाही में जुट गए हैं। स्वास्थ्य विभाग ने सर्वे की प्रक्रिया शुरू कर दी है। पुलिस संबंधित क्षेत्रों को सील कर रही है, जबकि प्रशासनिक अधिकारी निगरानी कर रहे हैं।