अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट न्यायालय ने रामवृक्ष यादव की सुरक्षा में रहने वाले अनिल कुमार को सशर्त जमानत दे दी है। अनिल तहसील प्रांगण में हंगामे के मामले में भी नामजद है। इसकी सुनवाई सत्र न्यायालय में तीन जनवरी को होगी।
वादी उपनिरीक्षक एसआई के अनुसार अनिल कुमार को पुलिस ने 23 जून को गोकुल बैराज मोड़ से पकड़ा था। उस समय इसके पास लाइसेंसी राइफल और 315 बोर के 10 कारतूस मिले थे। पुलिस ने मामले में अनिल कुमार पर शस्त्र लाइसेंस की शर्ताें के दुरुपयोग का मामला बनाकर न्यायालय में पेश किया।
बचाव पक्ष की ओर से अधिवक्ता एलके गौतम ने बहस कर तर्क रखे। इस पर न्यायधीश राधेमोहन श्रीवास्तव में 30 हजार के बांड और दो जमानती दाखिल करने की शर्त पर जमानत मंजूर कर ली।
भदोही के गांव डूबरी का है प्रधान
रामवृक्ष यादव की सुरक्षा में लाइसेंसी राइफल के साथ रहने वाला अनिल कुमार भदोही के गांव डूबरी का ग्राम प्रधान है। अनिल पर तहसील प्रांगण में हुए हंगामे का मामला भी दर्ज है। इस मामले में जिला सत्र न्यायालय में तीन जनवरी को जमानत आवेदन पर सुनवाई होगी।
आयोग के समक्ष हुई 21 पुलिसवालों की गवाही
जवाहर बाग मामले में बुधवार को न्यायिक आयोग के समक्ष 21 पुलिसवालों की गवाही हुई। इन सभी ने जवाहर बाग को लेकर अपने बयान दर्ज कराए। इससे पहले यह सभी लोग शपथ पत्र दे चुके हैं। मथुरा के जवाहर बाग में दो जून को हुई हिंसा में दो पुलिस अफसरों समेत 29 लोगों की मौत हो गई थी। शासन ने इस पूरे प्रकरण की जांच को लेकर न्यायिक आयोग का गठन किया। न्यायिक आयोग पूरे घटनाक्रम को लेकर जांच कर रहा है। पहले चरण में सभी के बयान लिए गए फिर शपथ पत्र दाखिल हुए। अब शपथ पत्र दाखिल करने वालों की गवाही हो रही है। बुधवार को न्यायिक आयोग के समक्ष 21 पुलिसकर्मियों की गवाही हुई। इनमें एक सब इंस्पेक्टर भी थे। सभी ने अपने बयान दर्ज कराए।