मथुरा के कोसीकलां थाना क्षेत्र में राष्ट्रीय राजमार्ग स्थित मुनि जी रेस्तरां के मालिक एवं भाजपा के जिला सोशल मीडिया प्रभारी नरेश चौधरी व उनके तहेरे भाई मोहन और रेस्तरां में काम करने वाले अलीगढ़ के युवक संतोष की संदिग्ध परिस्थिति में तबीयत बिगड़ गई। रविवार सुबह भाजपा नेता नरेश चौधरी की मौत हो गई। वहीं, मोहन को गंभीर हालत के चलते फरीदाबाद रेफर किया गया है। संतोष स्थानीय अस्पताल में भर्ती है। पुलिस फूड प्वाॅइजनिंग का शक जता रही है। वहीं, परिजन हत्या की आशंका जता रहे हैं।
कोटवन निवासी भाजपा के जिला सोशल मीडिया प्रभारी नरेश चौधरी (42) पुत्र लालाराम का मुनिजी के नाम से रेस्तरां हाईवे पर है। उनके यहां अलीगढ़ के गोंडा थाना क्षेत्र के संतोष काम करते हैं। वहीं, नरेश के साथ उनके तहेरे भाई मोहन भी रहते हैं। हर रोज की तरह शनिवार रात को घर से आए खाने को नरेश चौधरी ने खाया। तहेरे भाई मोहन पहले ही घर से खाना खाकर आया था। संतोष निवासी पीगरी, थाना गोंड़ा, अलीगढ़ ने रेस्टोरेंट में बना खाना खाया।
रात तीन बजे करीब इनकी तबीयत बिगड़ गई। मौजूद चौकीदार ने इसकी जानकारी अन्य कर्मचारी, परिजनों को दी। ग्रामीण भी आ गए। उन्होंने तीनों को नर्सिंग होम में भर्ती कराया। वहां नरेश ने दम तोड़ दिया। मोहन को गंभीर हालत के चलते फरीदाबाद के निजी अस्पताल रेफर किया गया। पुलिस ने संतोष से पूछताछ की। मगर, उसकी तबीयत बयान देने लायक न होने के चलते उसने अधिक वार्ता इस प्रकरण के संबंध में नहीं हो सकी।
सीओ छाता आशीष शर्मा ने बताया कि पुलिस ने सीसीटीवी जांचें हैं, उनमें नरेश द्वारा घर का खाना खाने की बात सामने आई है। वहीं, संतोष ने रेस्तरां का खाना खाया। मोहन घर से खाना खाकर आया था। संभावना है कि इन तीनों ने दिन में कोई खाद्य पदार्थ का एक साथ सेवन किया है। उससे फूड प्वाॅइजनिंग हुई हो। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में नरेश की मौत का कारण स्पष्ट नहीं हुआ है। विसरा संरक्षित किया गया है। उसे आगरा एफएसएल जांच को भेजा जाएगा।
परिवार में मचा कोहराम, भाजपा में भी शोक
पोस्टमार्टम के बाद दोपहर में नरेश का शव गांव पहुंचा तो परिजनों में कोहराम मच गया। नरेश चौधरी मंडल अध्यक्ष भी रहे थे। उनके परिवार में पत्नी प्रेमलता और दो बच्चे गौरव व याशिका है। इधर, मौत की सूचना पर अंतिम संस्कार में कैबिनेट मंत्री चौधरी लक्ष्मीनारायण, मंत्री प्रतिनिधि नरदेव चौधरी, भाजपा जिलाध्यक्ष निर्भय पांडेय, नरेंद्र गुर्जर, किसान नेता दीपक चौधरी, उधम सिंह फौजदार, जबर सिंह, जिले सिंह आदि शामिल हुए। जिलाध्यक्ष निर्भय पांडेय ने कहा कि मौत की जांच के लिए पुलिस को कहा है कि वह निष्पक्ष रूप से जांच कर सच्चाई का पता लगाए। इधर, परिजनों ने अभी कोई तहरीर नहीं दी है। पूर्व में भी हो चुकी थी फूड प्वाॅइजनिंग से एक की मौत नरेश के रेस्तरां में करीब एक वर्ष पूर्व भी फूड प्वाॅइजनिंग से एक कर्मचारी की मौत हुई थी, जोकि इसी तरह की थी। लोग उसी मामले से जोड़कर इसे देख रहे हैं।