मथुरा। शहर के रिहायशी इलाकों में आतिशबाजी का भंडारण शुरू हो गया है। पुलिस और प्रशासन इसके प्रति अभी बेपरवाह बना है। इससे भंडारण बेखौफ किया जा रहा है। इधर, रिफाइनरी के आसपास आतिशबाजी चलाना प्रतिबंधित कर दिया है।
डीएम सर्वज्ञराम मिश्रा ने बताया कि इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन लिमिटेड की सुरक्षा को देखते हुए इंडियन ऑयल के संपूर्ण क्षेत्र एलपीजी प्लांट, ओएमएस प्रथम एवं द्वितीय यूनिट, पेट्रोलियम टर्मिनल की सीमा के चारों तरफ आतिशबाजी का संचालन प्रतिबंधित कर दिया गया है। इस दायरे के एक-एक किमी. तक पटाखों और अन्य विस्फोटक सामग्री को चलाए जाने पर प्रतिबंध रहेगा।
इधर, शहर में कई स्थान ऐसे हैं जहां पर आतिशबाजी का भंडारण किया जा रहा है। यह भंडारण दिवाली के नजदीक आते ही कर ली गई है। रिहायशी इलाके में हो रहा भंडारण जानलेवा बना हुआ है, पर पुलिस भी बेपरवाह बनी हुई है। 15 दिन बाद होने वाली दिवाली को लेकर पुलिस ने अभी तक आतिशबाजी के भंडारण की कोई खैर खबर तक नहीं ली है। सीओ सिटी राकेश कुमार ने बताया कि आतिशबाजी भंडारण की शिकायत मिलने पर कार्रवाई की जाएगी।
हाईड्रेंट प्वाइंट सड़कों में दबे
मथुरा। आतिशबाजी भंडारण के चलते कोई आगजनी की बड़ी वारदात होती है तो खाक ही हो जाएगा। व्यस्त बाजार में अग्निशमन की दमकल पहुंचना तो मुश्किल है, वहीं नगर निगम के हाईड्रेंट प्वाइंट सड़क में दबा दिए गए हैं। बार-बार अग्निशमन की दमकल पानी लेने के लिए जाएगी तो आग अपने आगोश में बहुत कुछ ले चुकी होगा।