प्रदेश सरकार की ओर से विश्व प्रसिद्ध ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर के अधिग्रहण के लिए हो रही सुगबुगाहट के विरोध में बुधवार को सेवायत गोस्वामियों ने मंदिर परिसर में काली पट्टी बांधकर विरोध प्रदर्शन किया।
राजभोग आरती के पश्चात मंदिर पट बंद होने के बाद परिसर में ही काली पट्टी बांधकर और काले झंडों के साथ सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। हाथों में लगीं तख्तियों में हिंदू धर्म पर अत्याचार नहीं सहेंगे, सनातन धर्म की रक्षा हो जैसे वक्तव्य लिखे थे।
मंदिर के अंदर और बाहर जगह-जगह सरकारी अधिग्रहण किए जाने की सूचना के विरोध में बैनर, पोस्टर आदि लगाए गए। इसमें अधिग्रहण का पूर्ण विरोध करने और गोस्वामी समाज का साथ देने की अपील की गई है।
देवेंद्र नाथ गोस्वामी का कहना है कि बांकेबिहारी मंदिर का अधिग्रहण करने के पीछे प्रदेश सरकार की मंशा मंदिर में श्रद्धालुओं द्वारा आने वाले दान, चढ़ावे को हड़पने की है। सरकार यदि वास्तव में श्रद्धालुओं को सुविधा देना चाहती है तो उसे मंदिर प्रबंध कमेटी का सहयोग करना चाहिए।
कमेटी उपाध्यक्ष घनश्याम गोस्वामी ने कहा कि आगामी विधानसभा चुनावों में पराजय देखते हुए अपना वोट बैंक बचाने के लिए सरकार हिंदुओं के मंदिरों, देवालयों का अधिग्रहण कर रही है।
एक खास वर्ग के लोगों को खुश करने के लिए हिंदुओं की आस्था और भक्ति को ठेस पहुंचाने का अधिकार किसी भी सरकार को नहीं है। इस अवसर पर गोपेश गोस्वामी, श्रीनाथ गोस्वामी, सोमनाथ गोस्वामी, प्रवीण, संतू, विशाल गोस्वामी, आनंद, राहुल, आदित्य, गुंजन गोस्वामी आदि उपस्थित रहे।