हाईवे के चौड़ीकरण के लिए अधिग्रहण की जा रही भूमि का मुआवजा शिविर लगाकर न दिए जाने के विरोध में सोमवार को दुकानदार हाईवे पर अपने प्रतिष्ठान बंद रखेंगे। उनका एक प्रतिनिधिमंडल डीएम से मुलाकात कर अपनी समस्या से अवगत कराएगा।
रविवार की देर शाम हाईवे पर दुकानदारों ने एक बैठक की। इसमें पालिकाध्यक्ष भगवत रुहेला ने कहा कि हाईवे प्राधिकरण व्यवसायिक भूमि का मुआवजा भी घरेलू के हिसाब से दे रहा है।
ऐसे में दुकानदारों के साथ अन्याय हो रहा है। इसका दुकानदार पुरजोर विरोध करेंगे। भानुप्रताप सिंह ने कहा कि सोमवार को हाईवे के किनारे स्थित दुकानदार अपने प्रतिष्ठान बंद रखेंगे साथ ही डीएम और विशेष भूमि अध्यापित अधिकारी से मुलाकात कर अपनी समस्या रखेंगे।
उन्होंने कहा कि दुकानदारों को व्यवसायिक हिसाब से मुआवजा शिविर लगाकर दिया जाए। यदि ऐसा नहीं किया तो तोड़फोड़ नहीं करने देंगे। अधिग्रहण की गई भूमि के मामले में जमीन, मकान और दुकानों का मुआवजा एक साथ दिए जाने की की भी मांग की।
गोविंद अग्रवाल ने कहा कि पहले उन्हें उनकी भूमि और उस पर बनी इमारतों के अधिग्रहण से संबंधित जानकारी सार्वजनिक रूप से दी जाए। निर्माण ध्वस्तीकरण का ही मुआवजा देंगे, यह गलत है।
बैठक में सपा नेता प्रहलाद सिंह, राजेंद्र आर्य, निक्की ठाकुर, श्रीराम अरोड़ा, लक्खा चौधरी, विजेंद्र जैन, सुनील, सलीम, सुरेश चंद जयसवाल, महावीर जैन, शौकत अली, रोशन, महासिंह आदि दुकानदार थे। बताते चलें कि अधिग्रहण की गई जमीन पर बने मकानों का ही मुआवजा दिए जाने की प्रक्रिया शुरू हो गई है।