मथुरा। दिवाली पर घर आने वाले यात्रियों के लिए राहत भरी खबर है। परिवहन निगम ने बस के किराये में संशोधन किया है। हालांकि यह राहत केवल एसी बसों में सफर करने वालों तक सीमित रखी गई है। सरकार ने छठ पर्व तक एसी बसों का किराया 10 प्रतिशत तक घटाने का निर्णय लिया है। जबकि सामान्य बसों के यात्रियों को किसी प्रकार की राहत नहीं दी है।
रोडवेज बसों का किराया 25 फीसदी तक बढ़ाया जा चुका है। यात्रियों ने सरकार के इस निर्णय को दोहरा मापदंड बताया है। उनका कहना है कि आम जनता की सवारी मानी जाने वाली सामान्य बसों पर राहत न देकर सरकार ने सबसे बड़े वर्ग को उपेक्षित कर दिया है। लोगों की मांग है कि सामान्य बसों का किराया भी कम किया जाए, ताकि दिवाली और छठ जैसे बड़े त्योहारों पर घर लौटना सबके लिए आसान हो सके। वहीं परिवहन विभाग के अधिकारियों का कहना है कि एसी बसों में किराया घटाने से यात्रियों की संख्या बढ़ेगी और आमजन को किफायती दर पर बेहतर सुविधाएं मिलेंगी।
यह कहते हैं यात्री
त्योहारों पर भारी भीड़ के बीच यह बढ़ा हुआ किराया जेब पर बोझ बन चुका है। एसी बसों के किराए में छूट का फायदा अपेक्षाकृत सम्पन्न वर्ग को मिलेगा, जबकि लाखों सामान्य यात्री महंगे किराए से परेशान हैं।
दीपक, फरीदाबाद
इटावा से मथुरा का किराया 287 रुपए लगता है। इससे पहले 215 रुपये था। परिवहन विभाग किराया बढ़ा देता है, लेकिन सुविधाओं और सुरक्षा के नाम पर कोई सुधार नहीं किया जाता है।
शिवा यादव, इटावा
नई बसों में किराया 10 प्रतिशत कम करने से यात्रियों को राहत मिलेगी। हालांकि पुरानी बसों में किराया कम करने का कोई आदेश मुख्यालय से नहीं आया है।
मदन मोहन शर्मा, एआरएम