मथुरा/गोवर्धन। गुरुवार की रात 84 कोस की परिक्रमा कर रहे श्रद्धालुओं के पड़ाव पर डकैतों ने धावा बोल दिया और श्रद्धालुओं को घेर कर लूटना शुरू कर दिया। चौकीदार ने विरोध किया तो उसकी गोली मारकर हत्या कर दी। डकैत एनआरआई महिला समेत कई श्रद्धालुओं से सोने चांदी के जेवर और सोने के ठाकुर जी लूटकर फरार हो गए। घटना के समय श्रद्धालुओं ने 100 नंबर डायल किया लेकिन वह फोन अटैंड ही नहीं हुआ। वारदात से श्रद्धालुओं मेें दहशत है।डीजीपी कार्यालय ने घटना के संबंध में जानकारी की और कार्रवाई के निर्देश पुलिस को दिए।
डकैती के शिकार हुए पदयात्रियों के इस जत्थे ने छह सितंबर को जूनागढ़ गुजरात के संत पंकज बाबा के नेतृत्व में मथुरा के विश्राम घाट से पद यात्रा शुरू की थी। इसमें दो हजार से अधिक पदयात्री शामिल हैं। गुरुवार रात्रि को ब्रजयात्रा का थाना गोवर्धन क्षेत्र के गांव जतीपुरा में पड़ाव था। ब्रजयात्री हरेराम बाबा आश्रम के निकट खाली जमीन पर पंडाल लगाकर सो रहे थे। रात्रि दो बजे आठ- दस डकैतों ने ब्रज पंडालों में प्रवेश किया और पदयात्रियों पीटते हुए उनसे जेवर और सामान लूटना शुरू कर दिया। इसी दौरान वहां चौकीदारी कर रहे थाना राया के गांव नागल निवासी 40 वर्षीय पौहप सिंह डकैतों से भिड़ गए। उन्होंने एक डकैत को पकड़ कर गिरा लिया। इस पर डकैतों के दूसरे साथी ने पौहप सिंह को गोली मार दी। डकैत पदयात्री एनआरआई कांता बेन, अमीला बेन तथा रमा बेन, ईला बेन निवासी बड़ोदरा गुजरात से सोने के ठाकुर जी, जेवरात, 50 हजार नकदी व अन्य कीमती सामान से भरे बैग ले गए। गोली चलने की आवाज पर अन्य यात्री जाग गए और अन्य चौकीदार व मजदूर पहुंच गए। बाद में पौहप सिंह ने दम तोड़ दिया। पौहप सिंह के भाई ओमप्रकाश ने बताया कि घटना के वक्त 100 नंबर पर डायल किया था लेकिन फोन रिसीव नहीं किया गया। बाद में गोवर्धन थाने पर जाकर सूचना दी गई लेकिन पुलिस नहीं आई। इसके बाद जब कई लोग एक साथ थाने पहुंचे तब पुलिस सक्रिय हुई। घटना की सूचना पर गोवर्धन पुलिस, एसपी सिटी मनोज सोनकर, सीओ सदर प्रीति प्रियदर्शिनी व अपराह्न को एसएसपी मंजिल सैनी मौके पर पहुंची। उन्होंने बताया कि घटना के खुलासे के लिए पुलिस की चार टीमें लगाई गई हैं। उधर डीजीपी ने घटना को गंभीरता से लिया है। शुक्रवार दोपहर को डीजीपी कार्यालय से मथुरा पुलिस कार्यालय से घटना का पूरा विवरण मांगा गया और डकैतों को पकड़ने के लिए प्रभावी कदम उठाने को कहा।