गांव नगला औहावा में दूसरे दिन भी लगा स्वास्थ्य विभाग कैंप
- फोटो : रामायण मेला समिति की बैठक के दौरान मौजूद पदाधिकारी
नौहझील। गांव नावली में स्वास्थ्य विभाग की टीम ने चिकित्सा शिविर लगाकर मरीजों का उपचार किया। सीएचसी नौहझील के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. हेमराज चौधरी के निर्देशन में लगाए शिविर में 35 मरीजों की डेंगू व मलेरिया की जांच कर 113 मरीजों का उपचार किया गया। सभी मरीजों की रिपोर्ट निगेटिव पाई गई। गांव में एंटी लार्वा का छिड़काव और फॉगिंग करवाई गई ताकि मच्छरों का प्रकोप रोका जा सके।
स्वास्थ्य विभाग की टीम ने ग्रामीणों को सलाह दी कि अपने घरों के आसपास सफाई रखें, पानी जमा न होने दें, फ्रिज की ट्रे, टूटे बर्तन, टायर आदि में पानी न भरने दें। भोजन करने से पहले हाथ धोएं और फल-सब्जियों को उपयोग धोकर ही करें। नौहझील क्षेत्र के गांव नावली, शहदगढ़ी और हसनपुर गांवों में पिछले कई दिन से बुखार आदि संक्रामक रोग तेजी से फैले, जिससे दो लोगों की मौत भी हो चुकी है। अभी भी कई घरों में मरीज बिस्तर पर हैं, जबकि कुछ ग्रामीणों बेहतर इलाज के लिए निजी अस्पतालों में भर्ती हैं।
नगला औहावा में कीटनाशक दवा हुआ छिड़काव
सुरीर। गांव नगला औहावा में मच्छरों के प्रकोप के चलते गांव में बुखार, खांसी, जुकाम की बीमारी तेजी से फैल रही हैं। प्रधान ने गांव में कीटनाशक दवा का छिड़काव कराया। वहीं स्वास्थ्य विभाग की टीम ने कैंप लगाकर बृहस्पतिवार को दूसरे दिन भी मरीजों की जांच कर दवा का वितरण कराया। गांव की आशा भी सहयोग में जुटी रहीं। इस दौरान प्रधान प्रतिनिधि होशियार सिंह, सुरेश बघेल, कालीचरण, नारायण आदि मौजूद रहे। संवाद