मोटर वाहन अधिनियम के तहत भले ही ट्रिपल राइडिंग अपराध हो लेकिन लोग इसे नहीं मानते। शहर हो या गांव हर जगह बाइक पर तीन और चार सवारियां बैठी नजर आती हैं। बाइकों को चलाने वाले चालक भी हेल्मेट नहीं लगाते। चौराहों और तिराहों पर खड़े पुलिस कर्मी भी यह सब कुछ मूकदर्शक बने देखते रहते हैं। कई बार ट्रिपल राइडिंग से हादसे भी लेकिन फिर भी लोग सबक नहीं लेते।
शहर के क्रिश्चियन तिराहे पर बाइक पर चार सवारियों को बैठाकर जाता बाइक सवार। बाइक पर चार सवारियों को लेकर न तो पुलिस कर्मी ही गंभीर थे और न ही ले जाने वाले।
नगर के भांवत चौराहे पर ट्रिपल राइडिंग कर रहे बाइक सवार को पुलिस कर्मी तो नहीं एक होमगार्ड रोकते नजर आ रहा था।
नगर के जेल चौराहे के समीप ट्रिपल राइडिंग करता बाइक सवार
शहर के ईसन नदी तिराहे पर ट्रिपल राइडिंग वाले आसानी से गुजर रहे थे। वहां खड़े पुलिस कर्मी उनकी ओर कोई ध्यान नहीं दे रहे थे। एक ट्रेफिक कर्मी बाइक सवार से बातें करने में मशगूल दिख रहा था।
वाहन चालकों को यातायात नियमों की जानकारी दी जा रही है। ट्रिपल राइडिंग पर चालान के साथ ही जुर्माना भी वसूल किया जाता है। युवाओं में ट्रिपल राइडिंग का क्रेज बढ़ा है। पुलिस के साथ ही समाज को भी जागरूक होना जरूरी है। वहीं लापरवाह पुलिस कर्मियों के खिलाफ भी कार्रवाई होगी। श्रीकांत सिंह, एसपी