मैनपुरी। महाराजा तेज सिंह जिला अस्पताल की इमरजेंसी से कोतवाली सूचना देने गए स्वास्थ्य कर्मी से मुंशी ने अभद्रता कर दी। इससे डाक्टर और स्वास्थ्य कर्मियों में आक्रोश फैल गया। आक्रोशित स्वास्थ्य कर्मी सीएमएस के साथ कोतवाली पहुंचे। कोतवाली प्रभारी ने जब उनकी नहीं सुनी तो स्वास्थ्य कर्मियों ने पुलिस के खिलाफ नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। चेतावनी दी कि आरोपी मुंशी पर तीन दिन में कार्रवाई नहीं होती है तो कार्य बहिष्कार के साथ बड़ा आंदोलन होगा।
थाना कोतवाली क्षेत्र के गांव भोजपुरा निवासी अजय उर्फ रिंकू को बुधवार रात साढ़े 11 बजे अचेत अवस्था में पड़ोसी हरेश राजपूत द्वारा जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। इसके कुछ देर बाद ही हरेश चला गया। कोई भी परिजन मरीज के साथ न होने के कारण इमरजेंसी में ड्यूटी पर तैनात ईएमओ डाॅ. हर्ष दीक्षित ने मीमो भिजवाकर पुलिस को मामले की सूचना दी। आरोप है कि जब जिला अस्पताल में तैनात वार्डबाॅय सुशील कुमार रात एक बजे कोतवाली में मीमो लेकर पहुंचा तो ड्यूटी पर तैनात मुंशी अभद्रता करते हुए गाली-गलौज करने लगा और मीमो लेने से मना कर दिया। जब वार्डबाॅय ने फोन पर फार्मासिस्ट का बताया, तब जाकर पौने दो बजे मीमो रिसीव किया गया। वार्डबाॅय ने अस्पताल पहुंचकर ईएमओ और उच्चाधिकारियों को मामले की जानकारी दी तो डाॅ. हर्ष दीक्षित ने रात में ही फोन कर कोतवाली प्रभारी को घटना के बारे में बताया, लेकिन उन्होंने कोई जवाब नहीं दिया।
आक्रोशित स्वास्थ्य कर्मी बृहस्पतिवार की सुबह साढ़े नौ बजे सीएमएस डाॅ. धर्मेंद्र कुमार, डाॅ. बृजेश वर्मा, डाॅ. आरके शुक्ला, डाॅ. ललित कृष्णा, डाॅ. अभिषेक सेंगर, डाॅ. सुधांशु मिश्रा, चीफ फार्मासिस्ट अवधेश यादव, फार्मासिस्ट शिवमंगल सिंह और उदय प्रताप सिंह के साथ कोतवाली पहुंचे। कोतवाली में सीएमएस ने कोतवाली प्रभारी फतेह बहादुर सिंह भदौरिया को पूरी बात बताई और कार्रवाई की मांग की, कर्मचारियों ने मुंशी से माफी मांगने की बात कही तो कोतवाल टालमटोल करने लगे। आक्रोशित स्वास्थ्य कर्मियों ने पुलिस के खिलाफ नारेबाजी प्रदर्शन किया और चले गए। चेतावनी दी कि यदि तीन दिन में आरोपी मुंशी पर कार्रवाई नहीं हुई तो कार्य बहिष्कार कर आंदोलन किया जाएगा।
इस मौके पर अनिल मिश्रा, हरिकिशन शर्मा, विजय तिवारी, पवन कुमार, पुष्पेंद्र, सोनू, महेश बाबू, सुशील कुमार, सुरजीत कुमार आदि मौजूद रहे।
कर्मचारी संयुक्त मोर्चा ने अधिकारियों को लिखा पत्र
कोतवाली के मुंशी द्वारा की गई अभद्रता से जिला अस्पताल के कर्मचारियों में नाराजगी फैल गई है। बृहस्पतिवार को चिकित्सा राज्य कर्मचारी संयुक्त मोर्चा के पदाधिकारियों ने डीएम, एसपी और सीएमएस को चेतावनी पत्र भेजा है। इसमें बताया गया कि कोतवाली के मुंशी द्वारा की गई अभद्रता के बारे में कोतवाली प्रभारी को जानकारी भी दी गई, इसके बाद भी उन्होंने कोई प्रतिक्रिया नहीं दी और ना ही संबंधित मुंशी के खिलाफ कार्रवाई के लिए कोई आश्वासन दिया गया। यदि तीन दिन के अंदर मुंशी के खिलाफ कोई कानूनी कार्रवाई नहीं जाती है तो चिकित्सा राज्य कर्मचारी संयुक्त मोर्चा के आवाहन पर कर्मचारी कार्य बहिष्कार कर आंदोलन को बाध्य होंगे।
जिला अस्पताल की चौकी रहती है खाली
जिला अस्पताल में पूर्व में हुई घटनाओं के बाद अस्पताल परिसर में एक चौकी की स्थापना की गई है। इस चौकी पर एक दरोगा के साथ पुलिस कर्मियों की तैनाती है। बोर्ड भी लगा है। लेकिन यहां न तो दरोगा जी नजर आते हैं और न ही पुलिस कर्मी। कर्मचारी नेता शिवमंगल सिंह चौहान का कहना था कि जब दरोगा और पुलिस कर्मी तैनात नहीं रहते तो इस चौकी की स्थापना ही क्यों की गई थी।
वर्जन
मामले की जानकारी की जा रही है। जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी। - संतोष कुमार, सीओ सिटी