फोटो 38 करहल रोड उपकेंद्र क्षेत्र में ट्रांसफार्मर की मरम्मत करते बिजली कर्मी। स्रोत निगम
मैनपुरी। गर्मी बढ़ने के साथ ही जिले में अघोषित बिजली कटौती ने उपभोक्ताओं की परेशानी बढ़ा दी है। बेतहाशा कटौती से लोगों के दिन का चैन और रात की नींद उड़ गई है। खपत बढ़ने से ट्रांसफार्मर गर्म हो रहे हैं और केबल क्षतिग्रस्त होकर टूट रही हैं। शहर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों में कई-कई घंटों तक आपूर्ति बाधित रहने से उपभोक्ताओं का हाल-बेहाल है।
गर्मी की शुरुआत से पहले विद्युत निगम की ओर से उपभोक्ताओं को निर्बाध बिजली आपूर्ति दावे किए जा रहे थे। लेकिन गर्मी की शुरुआत में ही जिले की बिजली व्यवस्था पूरी तरह से चरमरा गई है। कूलर और एसी का इस्तेमाल बढ़ने से विद्युत खपत बढ़ गई है। मंगलवार को जिले की बिजली खपत 265 मेगा वाट तक पहुंच गई। लोड बढ़ने से ट्रांसफार्मर गर्म हो रहे हैं और केबल जल रही हैं।
मंगलवार को शहर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों में अलग-अलग स्थानों पर फॉल्ट होने से आपूर्ति बाधित रही है। ग्रामीण क्षेत्रों में महज बमुश्किल 8 से 10 घंटे ही बिजली आपूर्ति मिल रही है। कुछ यही हाल शहरी क्षेत्रों का भी 24 घंटे बिजली आपूर्ति के आदेश हवा-हवाई हो गए हैं। फॉल्ट के नाम पर कई-कई घंटों तक आपूर्ति बंद की जा रही है।
आग लगने से दो घंटे बंद रही आपूर्ति
मंगलवार को पावर हाउस उपकेंद्र के खरपरी फीडर का आग लगने से दो घंटे आपूर्ति बाधित हो गई। वहीं, शाम 4:30 बजे 33 केवी सप्लाई फेल होने से आपूर्ति बाधित रही। करहल रोड उपकेंद्र क्षेत्र में उपभोक्ताओं को लो-वोल्टेज की समस्या का सामना करना पड़ा।