मैनपुरी। वर्तमान आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी और पूर्व आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी के विवाद के चक्कर में आयुर्वेदिक व्यवस्थाएं प्रभावित हो रही हैं। पूर्व अधिकारी लॉगिन पासवर्ड नहीं दे रही हैं। इसके चलते दवा की खरीदारी प्रभावित हो रही है। पूर्व में 10 लाख की धनराशि वापस हो चुकी है। अब फिर से 15.97 लाख की धनराशि पर संकट खड़ा हो गया है।
जिला आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी देवेंद्र सिंह और पूर्व आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी डॉ. सरिता सिंह के बीच कार्यभार ग्रहण करने के मामले का विवाद चल रहा है। पूर्व आयुर्वेदिक और यूनानी अधिकारी कोर्ट से अपने स्थानांतरण पर रोक की बात कहते हुए वर्तमान आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी को अपने नाम से जारी विभागीय लॉगिन और पासवर्ड नहीं दे रही हैं। इसके चलते जैम पोर्टल से दवाओं की खरीद की प्रक्रिया प्रभावित हो रही है। पिछले एक साल से जैम पोर्टल से दवाओं की खरीद नहीं हो पा रही है। वित्तीय वर्ष 2025-26 में दवा खरीद के लिए 10 लाख रुपये भेजे गए थे, लेकिन लॉगिन पासवर्ड न होने के कारण दवा की खरीद नहीं हो सकी और 31 मार्च 2026 को रुपये विभाग को सरेंडर कर दिया गया। सत्र 2026-27 के लिए विभाग की ओर से 15.97 लाख रुपये का बजट भेजा गया है। मगर क्षेत्रीय आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी के पास लॉगिन न होने से बजट का इस्तेमाल नहीं हो पा रहा।
-
नई आईडी बनने में भी आ रही दिक्कतें
वर्तमान आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी डॉ. देवेंद्र सिंह का कहना है कि सरकारी मेल आईडी ओटीपी न देने से अपडेट नहीं हो पा रही। नई आईडी बनने की प्रक्रिया में समय लगता है। नई आईडी के लिए प्रदेश सरकार के विशेष सचिव को फाइल जाती है और वहां से भारत सरकार की अनुमति लेनी पड़ती है।
पूर्व क्षेत्रीय आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी डॉ. सरिता सिंह को लॉगिन देने के लिए सात पत्र लिखे जा चुके हैं , लेकिन उनके द्वारा विभागीय लॉगिन नहीं दिया गया। जिससे बजट का इस्तेमाल नहीं हो पा रहा। समस्या को लेकर उनके द्वारा निदेशक आयुर्वेद सेवाएं और जिलाधिकारी मैनपुरी को पत्र भेजा गया है। डॉ. देवेंद्र सिंह, क्षेत्रीय आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी
मेरे स्थानांतरण के मामले की सुनवाई हाईकोर्ट में चल रही है। डॉ. देवेंद्र सिंह गलत तरीके से जिला आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी के पद पर आसीन हैं। उच्चाधिकारियों ने मुझे आईडी देने का कोई आदेश नहीं दिया है। कोर्ट या उच्चाधिकारियों के आदेश पर ही आईडी दी जा सकती है।
डॉ. सरिता सिंह, पूर्व आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी