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Mainpuri News: पर्यटन मंत्री की विधानसभा को तोहफा, करहल का गणित साधने की रणनीति

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मैनपुरी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ रविवार को जनपद में करीब 2 घंटे तक रुकेंगे। इस दौरान वे पर्यटन मंत्री की विधानसभा मैनपुरी को विकास का तोहफा देंगे तो वहीं करहल विधानसभा को करोड़ों रुपये की सौगात देने के साथ यहां के चुनावी गणित को साधाने की कोशिश करेंगे। वह भाजपा की कोर कमेटी के साथ आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर चर्चा कर सकते हैं। पार्टी सूत्रों की मानेें तो वह पदाधिकारियों को चुनाव जीतने का मंत्र भी देंगे।
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विधानसभा चुनाव 2027 की तैयारी के लिए भाजपा ने पहले से ही कमर कस ली है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ प्रदेश के कई जनपदों का दौरा कर लोगों को विकास परियोजनाओं की सौगात दे रहे हैं। इसके साथ ही बीजेपी के पदाधिकारी और कार्यकर्ताओं से बैठक कर चुनाव की रणनीति पर भी चर्चा कर रहे हैं। उन्होंने जनपद की कैबिनेट मंत्री जयवीर सिंह की विधानसभा मैनपुरी और सपा के कब्जे वाली करहल विधानसभा को चुना है। यहां से तेज प्रताप सिंह यादव सपा से विधायक हैं।
मुख्यमंत्री करीब 1 घंटे तक मंच पर मौजूद रहेंगे और इसके बाद 1:30 बजे से 2:30 बजे तक का उनका समय आरक्षित है। पार्टी के सूत्रों के अनुसार सीएम भाजपा की कोर कमेटी से विधानसभा चुनाव की तैयारी को लेकर चर्चा कर सकते हैं। इस दौरान वह पार्टी से संबंधित सभी कार्यक्रम व अन्य रणनीति पर पदाधिकारियों से बात करेंगे और विधानसभा चुनाव 2027 में विजय पताका फहराने के लिए जीत के मंत्र भी देंगे।
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करहल विधानसभा को महत्वपूर्ण मान रही भाजपा
करहल विधानसभा को भाजपा महत्वपूर्ण मान कर चल रही है। 2022 के विधानसभा चुनाव में बीजेपी ने विधानसभा से प्रो. एसपी सिह बघेल को अपना प्रत्याशी बनाकर समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के सामने मैदान में उतारा था। हालांकि प्रोफेसर एसपी सिंह बघेल को करारी हार का सामना करना पड़ा। 2024 में जब अखिलेश यादव सांसद का चुनाव जीते तो उन्हें यह सीट छोड़नी पड़ी। उपचुनाव में सपा ने तेज प्रताप यादव को प्रत्याशी बनाया और भाजपा ने उनके ही परिवार के अनुजेश यादव को प्रत्याशी बनाकर उतारा। अनुजेश की जीत नहीं हुई लेकिन तेज प्रताप यादव के जीत के अंतर को उन्होंने कम किया और मात्र 14000 वोटो से ही तेज प्रताप की जीत हुई। भारतीय जनता पार्टी इस सीट पर अपना कब्जा करना चाहती है। यादव बाहुल्य होने की वजह से इस सीट पर अधिकतर समाजवादी पार्टी के प्रत्याशी की जीत हुई है। ऐसे में बीजेपी का फिर से पूरा ध्यान इस सीट पर है।
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