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Mainpuri News: किसी ने नहीं सुनी गोलियों की आवाज... कई सवाल मांग रहे जवाबक

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फोटो21 गांव फूलापुर में लूट व दोहरे हत्याकांड की घटना की जानकारी लेते डीआईजी शैलेश पांडेय। संवा
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बरनाहल। गांव फूलापुर में सोमवार रात घर में सो रहे एक दंपती की हत्या हो गई, लेकिन गोलियों की आवाज किसी ने नहीं सुनी। यही नहीं, लुटेरे घर में कैसे घुसे, इस पर भी पुलिस की जांच में अब तक कुछ स्पष्ट नहीं हो पाया है। इसके अलावा भी इस दोहरे हत्याकांड में कई ऐसे सवाल हैं, जो जवाब तलाश रहे हैं। पुलिस को इस बात की भी आशंका है कि कहीं हत्या को लूट का रंग तो नहीं दिया गया है।पुलिस ने मंगलवार को जब मृतक महेश चंद्र शाक्य के घर के आसपास रहने वाले लोगों से पूछताछ की तो किसी ने भी नहीं कहा कि उसे गोली चलने की आवाज सुनाई दी। पड़ोस में रहने वाले मृतक किसान के भाई रामलखन ने भी गोली चलने की आवाज नहीं सुनी। वहीं, पुलिस का अंदेशा है कि गोली कनपटी से सटाकर मारी गई है। संभवत: इसी वजह से आवाज आसपास के लोगों ने आवाज नहीं सुनी। हालांकि यह पोस्टमार्टम रिपोर्ट से ही स्पष्ट होगा कि गोली कितनी दूर से मारी गई है।
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किसान महेश और उनकी पत्नी अनीता अलग-अलग कमरों में चारपाई और तख्त पर सोए थे। दंपती घर में अकेले थे। घर में मुख्य द्वार के अलावा एक अन्य गेट भी है जो पुलिस जांच में बंद मिला। यानी लुटेरे मुख्य दरवाजे से अंदर आए और वहीं से बाहर गए। ऐसे में सवाल उठता है कि मुख्य दरवाजा किसने और कैसे खोला। पुलिस यह भी मान रही है कि घर में दो सीढि़यां हैं और हत्यारे छत के रास्ते घर में दाखिल हो सकते हैं लेकिन सवाल यह है कि अगर हत्यारे छत के रास्ते घर में पहुंचे तो छत पर कैसे पहुंचे।
हत्या के दौरान बल प्रयोग का कोई साक्ष्य नहीं
हत्या के दौरान महेश और उनकी पत्नी से बल प्रयोग का कोई साक्ष्य पुलिस को नहीं मिला। लग रहा था सोते समय ही दोनों को गोली मारी गई। ऐसे में यह बड़ा सवाल था अगर चोरी की नीयत थी तो बदमाशों ने पति-पत्नी को गोली क्यों मारी। वे आसानी से चोरी कर घर से भाग सकते थे। ऐसे में यह सवाल उठता है कि क्या हत्यारे दंपती की हत्या करने के लिए ही घर के अंदर घुसे थे।
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इन सारे सवालों के जवाब पुलिस को तलाशने हैं। एसपी ग्रामीण राहुल मिठास का कहना है कि गोलियां दंपती के सिर में मारी गई हैं। घटनास्थल पर विरोध जैसा भी कुछ नजर नहीं आया, जिससे माना जा सके कि लूट या चोरी का विरोध करने पर दंपती की हत्या की गई है। जेवर-नकदी आदि गायब हैं इसे लेकर भी कुछ भी स्पष्ट तौर पर कहा नहीं जा सकता। यह सच है कि वहां सामान बिखरा हुआ है, कुछ सामान संभवत: चोरी भी हुआ हो। घटनास्थल को हत्या के बाद पुलिस को भ्रमित करने के लिए तैयार किया गया है या वाकई घटना लूट व हत्या की है, इसको लेकर जांच जारी है। पुलिस जल्द ही दोहरे हत्याकांड का खुलासा करेगी।

बेटों के आने के बाद पोस्टमार्टम के लिए भेजे गए शव
गांव फूलापुर में दोहरे हत्याकांड की घटना के बाद परिवार के लोगों ने साफ कर दिया था कि मृतकों के दोनों पुत्र के आने के बाद ही शव ले जाने देंगे। शाम के समय दोनों पुत्र गांव पहुंचे। पिता और मां का शव देख रोने बिलखने लगे। विवाहित बेटी भी मां और पिता की हत्या की खबर सुनकर गांव पहुंच चुकी थी। पुलिस ने बच्चों के आने के बाद शाम को पंचनामा आदि की कार्रवाई पूर्ण कर शव पोस्टमार्टम के लिए मोर्चरी भिजवाए।

घर के पीछे मिली शॉल, खोजी कुत्ता पहुंचा पड़ोस के गांव
पुलिस ने जब घटनास्थल व आसपास के क्षेत्र का निरीक्षण किया तो छत पर जांच के दौरान मकान के पीछे एक शॉल पड़ी मिली। फोरेंसिक टीम ने शॉल को कब्जे में ले लिया। खोजी कुत्ते ने शॉल की गंध सूंघी और पुलिस को पास के गांव एमाहसन नगर की सीमा तक ले गए। पुलिस ने वहां भी काफी देर तक छानबीन की। अब पुलिस गांव के लगे सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है।
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तीन दिन पहले गांव आया था बड़ा बेटा ललित
ग्रामीणों ने बताया कि तीन दिन पहले बड़ा बेटा ललित माता-पिता से मिलने के लिए आया था। छोटे भाई की शादी को लेकर घर में तैयारियां चल रही थीं। ललित माता-पिता से बातचीत करने के बाद कुछ देर बाद ही वापस चला गया था।
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फोटो21 गांव फूलापुर में लूट व दोहरे हत्याकांड की घटना की जानकारी लेते डीआईजी शैलेश पांडेय। संवा

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