जिला जज उमेश कुमार शर्मा, डीएम चंद्रपाल सिंह, एसपी देवरंजन वर्मा ने बुधवार को जेल का निरीक्षण कर बंदियों से हालचाल जाना। समय पर इलाज, खाना की जानकारी ली। कुछ बंदियों ने बताया कि उनके पास पैरवी के लिए कोई नहीं है और ना ही उनके पास अधिवक्ता है। डीएम ने अधीक्षक से कहा कि वह संबंधित बंदियों की सूची तत्काल उपलब्ध कराएं।
डीएम ने बंदियों को मीनू के अनुसार उत्तम क्वालिटी का खाना मुहैया कराने को कहा। जिस किसी भी बंदी को इलाज की आवश्यकता है उसे तत्काल चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाए। महिला बैरक में विचाराधीन, सिद्धदोष बंदियों का हालचाल जाना। विचाराधीन महिलाओं की तत्काल तिथियां निश्चित कर सुनवाई की जाएगी। बच्चा बैरक का निरीक्षण कर बंदी बच्चों से बात की। कुछ बंदियों ने बताया कि उनकी पैरवी नहीं हो रही है उन्हें अधिवक्ता मुहैया कराया जाए।
निरीक्षण में पाया कि जेल में 1185 बंदी हैं, जिसमें 266 सिद्धदोष, 977 विचाराधीन हैं, जिसमें 41 महिलाएं एवं 44 बच्चे शामिल हैं। निरीक्षण के दौरान सीजेएम उमेश कुमार द्वितीय, जेल अधीक्षक यूके सिंह आदि मौजूद थे।