बैंकों में शनिवार को सिर्फ वरिष्ठ नागरिकों को ही करेंसी चेंज कर दी गई। वहीं अन्य लोगों को पैसे जमा और निकासी की ही सुविधा मिली। बैंक आफ इंडिया और आर्यावर्त ग्रामीण बैंक में तो कैश न होने के चलते लोगों को काफी परेशानी हुई। लीड बैंक मैनेजर ने बताया कि लगातार लोगों के फर्जी आईडी और नकली नोटों को लेकर बैंक पहुंचने की शिकायतें आ रही हैं। बैंक मैनेजरों को ऐसे लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने के निर्देश दिए गए हैं।
शनिवार को आरबीआई के निर्देशानुसार सिर्फ वरिष्ठ नागरिकों के ही 500 और एक हजार के नोट बदले गए। वृद्धजनों को इसके लिए दिनभर लाइन में लगना पड़ा। कई वृद्ध तो कैश मिलने के समय खिड़की पर पहुंचे तो पता चला कि वे आईडी ही नहीं लाए हैं। ऐसे में उन्हें बिना करेंसी चेंज कराए ही लौटना पड़ा। सभी बैंकों में वरिष्ठ नागरिकों की लाइनें लगी दिखीं। हालांकि मात्र दो हजार रुपये बदले के नियम के कारण लोगों में काफी रोष दिखा। शहर निवासी जयवीर सिंह का कहना था कि इतनी देर तक लाइन में लगे रहने के बाद भी मात्र दो हजार रुपये ही मिले हैं। वहीं एक हफ्ते बाद बैंकों में भीड़ काफी कम रही। इसके चलते बैंक कर्मियों को काफी राहत मिली।
लाल पर्ची से ही जमा कर सकेंगे पुराने नोट
मैनपुरी। एसबीआई के चीफ मैनेजर आरसी भारती ने बताया कि अब पुराने नोट सिर्फ लाल पर्ची भरने के बाद जमा हो सकेंगे। वह भी एक खाते में सिर्फ एक बार ही पुराने नोट जमा किए जा सकेंगे।
सात दिन में जमा हुआ 3.60 अरब रुपया
मैनपुरी। एलडीएम देवेंद्र कुमार अग्रवाल ने बताया कि सोमवार से लेकर अब तक जिलेभर में 3.60 अरब रुपया जमा हो चुका है। वहीं 36 करोड़ रुपये मूल्य के नोट लोगों ने बदले हैं। शुरुआत में जहां जमा होने का प्रतिशत अधिक था वहीं अब यह कम होता जा रहा है।
फर्जी आईडी, नकली नोट पकड़े तो रिपोर्ट
मैनपुरी। एलडीएम देवेंद्र कुमार अग्रवाल ने बताया कि जिलेभर से शिकायतें आ रही हैं कि लोग बड़ी संख्या में नकली आईडी और नकली नोट लेकर बैंकों में पहुंच रहे हैं। इसके चलते सभी बैंक मैनेजरों को पत्र जारी किए गए हैं कि यदि ऐसे लोग पकड़ में आते हैं तो उनके खिलाफ तत्काल रिपोर्ट दर्ज कराई जाए।