उत्तर प्रदेश के मैनपुरी में किशनी के पूर्व ब्लॉक प्रमुख व साथी जानलेवा हमले के मामले में आरोपी बनाए गए हैं। पुलिस ने पूर्व में दर्ज एक मामले में जानलेवा हमला की धारा बढ़ाई है।
पीड़ित कुलदीप सिंह ने बताया कि पिछले लोकसभा उपचुनाव में भाजपा के नेता गिरीश यादव, आशीष यादव और भूपेंद्र चौधरी की मौजूदगी में उन्होंने अपने घर पर मीटिंग कराई थी। बहुत से लोगों को पार्टी में सम्मिलित कराया था। इसी बात से नाराज होकर पूर्व ब्लाक प्रमुख पति रामपाल सिंह यादव व उनके प्रधान भाई कृष्ण पाल सिंह यादव ने भाजपा का प्रचार प्रसार न करने के लिए उनको कई बार डराया धमकाया और मारपीट भी की।
25 मार्च 2024 की दोपहर रामपाल सिंह, कृष्णपाल सिंह, गोलू, वंश, अंशुल, जयवीर सिंह निवासी बरुआ नदी, अरविंद सिंह व ब्रजराज सिंह, अनुज, सनोज, संदेश, राजेंद्र सिंह निवासी नगला हंसे ने गाड़ियों से रास्ता रोक लिया था। उन्हें गाड़ी से खींच कर गालीगलौज करते हुए ईंट-पत्थर व लाठी-डंडा से पीटकर घायल कर दिया था।
वहीं साथ मौजूद अन्य लोगों की भी पिटाई की थी। रिवॉल्वर से जान से मारने की नीयत से फायर किया था। आरोपियों ने धमकी दी थी कि यदि बीजेपी का झंडा लगाया या वोट दिया तो उनका भी वही हाल करेंगे। पुलिस ने शिकायत पर मामूली धाराओं में मुकदमा दर्ज किया था। जांच के दौरान आरोपियों के विरुद्ध जानलेवा हमले की धारा बढ़ाई गई है।