मैनपुरी। होली पब्लिक स्कूल में कवि नरेंद्र शर्मा के जन्म दिवस पर काव्य गोष्ठी का आयोजन हुआ। इसके साथ ही कवि धर्मेंद्र सिंह धरम की पुस्तक उज्ज्वल गीतिका का विमोचन भी हुआ। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि वरिष्ठ कोषाधिकारी ब्रजेश कुमार ने मां सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर किया।
काव्य गोष्ठी में कवि एवं साहित्यकार श्रीकृष्ण मिश्रा ने नरेंद्र शर्मा जीवन पर प्रकाश डाला। कवि धर्मेंद्र सिंह धरम ने कहा कि ‘पनघट पर गीत गाता अब कोई दिखता है क्या, दिल कोई दिल से लगाता अब कोई दिखता है क्या।’ मनोज चौहान ने कहा कि ‘बाबर की संतानें हैं सब, जयचंदों के भाई हैं देशद्रोही करने वाले ये भाई नहीं कसाई हैं।’ अभिषेक अनंत बदायूं ने कहा कि ‘दिया जनम तो पालों बाबू जी, मुझे नाले में न डालो बाबू जी।’ राजन भदौरिया आगरा ने कहा कि ‘हरी चूनर उठाओ तुम, तिलक कैंसर लगाएं हम, पढ़ों गीता हमारी तुम अजाने गुनगुनाएं हम।’ कवि जयप्रकाश मिश्र ने कहा कि जेएनयू में गद्दारों ने डेरा डाला है, भारत की बर्बादी का सपना पाला है।’ निर्मला सक्सेना ने कहा कि रावलपिंडी मुल्तान कराची लाहौर सिंध तक दे डाला, अब मांगे कश्मीर तो कर दो पापा इनका मुंह काला।’ कार्यक्रम की अध्यक्षता रामावतार शशी ने और संचालन विनोद माहेश्वरी ने किया। इस मौके पर निर्मल सक्सेना, डाक्टर दीन मोहम्मद दीन, सतीश दुबे आदि मौजूद थे।