कोतवाली क्षेत्र के गांव ब्योंति खुर्द में रविवार रात बंजारों की झोपड़ी में रखे दीपक से आग लग गई। कुछ ही देर में आग ने छह झोपड़ियों को जलाकर राख कर दिया। रात में लगी इस आग से डेरा में भगदड़ मच गई। सूचना पर पहुंची दमकल ने आग पर काबू किया। पीड़ितों के मुताबिक आग में लाखों का खाद्यान्न, जरूरी वस्तुएं आदि जल गईं। वहीं तीन भैंसें व एक पड्डा जलकर मर गए। सोमवार सुबह पीड़ित डीएम चंद्रपाल सिंह से मिले।
कोतवाली क्षेत्र के गांव ब्योंति खुर्द में बंजारों की करीब एक दर्जन से अधिक झोपड़ियां बनी हुई हैं। रविवार रात करीब 11:30 बजे एक झोंपड़ी में रखे दीपक से आग लग गई। घर के अंदर और बाहर मौजूद लोग जब तक कुछ समझ पाते इससे पहले ही एक एक कर आग ने छह झोंपड़ियों को आगोश में ले लिया। डेरा में चीख पुकार और भगदड़ मच गई। लोग झाेंपड़ियों में लगी आग पर पानी मिट्टी डालकर बुझाने लगे। मगर आग काबू से बाहर हो चुकी थी। सूचना पर पहुंची दमकल ने कुछ देर मशक्कत के बाद आग को बुझा लिया लिया तब तक विमल खान, मुन्ना रफीक, रमन शहजाद, सुगन शहजाद, बबलू खान और रजवान की झोंपड़ियां और उसमें रखा लाखों का खाद्यान्न, घरेलू सामान जलकर राख हो चुका था। वहीं विमल व मुन्ना की तीन भैंस व एक पड्डा जलकर मर गया। घटना के बाद पीड़ित परिवारीजनों के सामने रोजी-रोटी और सर छिपाने की छत की समस्या खड़ी हो गई है। सोमवार सुबह कलक्ट्रेट पहुंची पीड़ितों ने डीएम से राहत दिलाने की मांग की।