दहेज की खातिर बीवी का हत्या करने वाले पति को एफटीसी जज गुरुप्रीत सिंह बाबा ने उम्रकैद की सजा सुनाई है। आरोपी सास, ससुर को सात- सात साल की सजा भुगतनी पड़ेगी। तीनों को 90 हजार का जुर्माना भी अदा करना होगा। इनमें से 15 हजार रुपया मृतका के आश्रितों को दिया जाएगा।
थाना दन्नाहार के जसवंतपुर निवासी राजपाल यादव की पुत्री रीनू की उसके पति रोहन सिंह निवासी हरैना थाना बरनाहल ने जलाकर हत्या कर दी थी। राजपाल की पत्नी केशवती की रिपोर्ट पर पति रोहन सिंह, ससुर रामरहीस, सास भूदेवी को एफटीसी जज गुरुप्रीत सिंह बाबा ने सुनवाई के बाद दोषी पाकर 30 जुलाई को जेल भेज दिया था। सोमवार को सहायक शासकीय अधिवक्ता अशोक कुमार पंकज ने आरोपियों के अपराध को देखते हुए कड़ी सजा देने की दलील दी। न्यायाधीश ने पति रोहन सिंह को उम्रकैद तथा 30 हजार रुपये का जुर्माना सुनाया है। सास भूदेवी, ससुर रामरहीस को सात-सात साल की सजा तथा 30-30 हजार जुर्माना की सजा सुनाई है। 90 हजार रुपये में से 15 हजार रुपये मृतका के आश्रितों को दिए जाने के भी आदेश दिए हैं।
कोर्ट में गवाही से मुकरे थे मां-बाप
मैनपुरी। रीनू की दहेज की खातिर हत्या करने की रिपोर्ट लिखाने वाली रीनू की मां केशवती तथा पिता राजपाल पुलिस को दी गई गवाही से कोर्ट में मुकर गए थे। उनकी गवाही को पक्षद्रोही साक्ष्य माना गया है। उनको दंडित करने की कार्रवाई शुरू की गई है।