थाना क्षेत्र में मैनपुरी रोड के पास मकान बना कर रह रहे गौरव उर्फ दिलीप कुमार सोमवार की दोपहर घर के बाहर थे। पत्नी रजनी छह माह की जुड़वां पुत्रियों रिद्धि और सिद्धि को छत पर बने कमरे में निबार की चारपाई पर सुला रही थी। कुछ देर बाद एक तसले में अलाब को चारपाई के नीचे रखने के बाद रजनी नीचे काम करने के लिए चली गई।
कुछ देर बाद कमरे से धुंआ निकलता देख आसपास के लोगों ने शोर मचाया। शोर शराबा सुन कर रजनी जब छत पर बने कमरे में पहुंची तो देखा कि मासूम बच्चियां आग की लपटों में घिरी हुईं थीं। आसपास के लोगों ने किसी तरह से आग बुझाई। बच्चियों को गंभीर हालत में जिला अस्पताल ले जाया गया। वहां से मेडिकल कॉलेज सैफई ले जाते समय मासूमों ने दम तोड़ दिया।
हादसे में बच्चियों की मौत के बाद घर में कोहराम मचा है। माता पिता व अन्य परिजन का रो-रोकर बुरा हाल है। घटना के बाद से ही पूरे गांव में मातम पसरा हुआ है।