फोटो 17 महाराजा तेज सिंह जिला अस्पताल में दवा काउंटर पर लगी मरीजों की भीड़़। संवाद
मैनपुरी। मौसम के बदलाव से लोगों की स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं बढ़ने लगी हैं। सोमवार को महाराजा तेज सिंह जिला अस्पताल में इस साल के मरीजों का रिकॉर्ड टूट गया। एक ही दिन में अस्पताल की ओपीडी में 1332 मरीज उपचार के लिए पहुंचे। अस्थमा और ब्लड कैंसर से पीड़ित दो मरीजों की मौत हो गई।
महाराजा तेज सिंह जिला अस्पताल में सुबह से ही मरीजों की भीड़ देखी गई। अस्पताल की ओपीडी में 1332 मरीज उपचार के लिए पहुंचे। इनमें बुखार, पेटदर्द, अस्थमा के मरीजों की संख्या अधिक रही। एक साथ मरीजों की संख्या बढ़ने के कारण अस्पताल में अफरातफरी का माहौल देखा गया। दवा काउंटर और पंजीकरण काउंटर पर मरीजों को लंबे समय तक इंतजार करना पड़ा। मरीजों को व्यवस्थित करने के लिए तैनात सुरक्षा गार्ड को कड़ी मशक्कत करनी पड़ी।
बिछवां थाना क्षेत्र के गांव नगला कोठी निवासी शीलकुमारी (87) को पिछले कुछ दिनों से अस्थमा की दिक्कत थी। परिजन उनका एक निजी डॉक्टर के यहां उपचार करा रहे थे। हालत बिगड़ने पर परिजन सोमवार की सुबह उन्हें लेकर जिला अस्पताल पहुंचे, यहां उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई। कोतवाली थाना क्षेत्र के गांव खरपरी निवासी रीना (40) पत्नी मुकेश कुमार को पिछले कुछ महीने से ब्लड कैंसर की दिक्कत थी। परिजन उनका निजी डॉक्टर से उपचार करा रहे थे। सोमवार को हालत बिगड़ने पर परिजन उन्हें लेकर जिला अस्पताल पहुंचे, यहां डॉक्टर ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। सीएमएस डॉ. धर्मेंद्र कुमार का कहना था कि शील कुमारी को गंभीर हालत में ही अस्पताल लाया गया था, उन्हें हर संभव उपचार दिया, लेकिन उनकी मौत हो गई। वहीं रीना को मृत अवस्था में ही परिजन अस्पताल लेकर पहुंचे थे।