कस्बा के मोहल्ला पठानान स्थित झाड़ी वाले मियां साहब दरगाह पर चल रहे चार दिवसीय उर्स का रविवार सुबह कुलशरीफ के साथ समापन हुआ। अमन-चैन की दुआ मांगी।
झंासी के कव्वाल अनवर अफसर चिश्ती ने सुनाया तू ही मालिक, तू ही दाता, हर एक इंसान कहता है। कोई अल्लाह कहता है, कोई भगवान कहता है। जम्हूरिया पार्टी ने भर दो झोली मेरी या मोहम्मद, लौटकर मैं न जाऊंगा खाली। अलीगढ़ के कव्वाल लड्डन कादरी ने ख्वाजा गरीब नवाज के वारे में फरमाया कृपा करो महाराज, मुईनुद्दीन, तुम ही तो महाराज मुईनुद्दीन, कासगंज के मैसर कादरी ने नवियों में सबसे अफजल रुतबा मेरे नवी का, कुरआन है मुकम्मल, चेहरा मेरे नवी का। झांसी के अकील अजहर शाबरी कव्वाल ने बयां हो तेरी जां कमली वाले, हे कुरान में सलाम कमली वाले। अलीगढ़ के सभाइन शाबरी, सिकंदराबाद के रफीक लईक, फर्रुखाबाद के मुन्ना मेहरबान ने कव्वालियां पेश की। सुबह चार बजे झाड़ी वाले मियां साहब का कुलशरीफ हुआ। चेयरमैन अभिलाख राठौर, पूर्व सभासद मोहम्मद अजमेरी खां ने कमेटी के सदस्यों का स्वागत किया। इस मौके पर उर्स कमेटी सदर राशिद हुशैन तेजा , आदेश गुप्ता, सोनू फोटोग्राफर, गौरव गुप्ता, रामपाल, अशद खां, जीमल खां, तफज्जुल खां, असलम डा. इसरार खां आदि मौजूद रहे। संचालन असद खां ने किया।