फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

छुटपुट घटनाओं के बीच शांतिपूर्ण हुआ मतदान

Fri, 09 Oct 2015 11:38 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो महोबा।
विज्ञापन
विज्ञापन
महोबा। जिले में जिला पंचायत की सात व क्षेत्र पंचायत की 130 सीटों पर पड़े मतदान छिटपुट घटनाओं के बीच शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हुआ। जहां जिला पंचायत की सात सीटों पर मतदाताओं में विशेष उत्साह दिखाई दिया। ज्योइया पोलिंग बूथ में प्रत्याशी संगीता सोनी के प्रतिनिधि को बूथ के अंदर पाए जाने पर डीएम और एसपी ने हिरासत में लेकर थाने में भेज दिया।
विज्ञापन

विकासखंड कबरई की खन्ना, ग्योड़ी, पसवारा, सिजहरी, श्रीनगर, मुड़ारी और गौरहारी सीट के लिए शुक्रवार को सुबह सात बजे से मतदान शुरू हुआ। सुुबह मतदाताआें द्वारा घर से न निकलने से दस बजे तक मतदान केंद्रों पर सन्नाटा छाया रहा। दोपहर 11 बजे के बाद मतदाताओं की भीड़ जुटने से पोलिंग बूथों में लंबी लंबी लाइनें लग गई। तेज धूप होने के बाद भी मतदाताओं ने लंबी-लंबी लाइनों में लगकर मतदान किया।

 वहीं महिलाएं लंबी लाइन होने के कारण छाया में खड़ी होकर अपनी बारी का इंतजार करतीं रहीं। पंचायत चुनाव के प्रति मतदाताओं में खासा उत्साह दिखाई दिया। सिजहरी सीट से जिला पंचायत सदस्य पद के प्रत्याशी साकेत साहू के चाचा संदीप साहू ने आरोप लगाया कि मतदान केंद्र पवा में खुलेआम फर्जी वोट डलवाए गए, इसकी सूचना निर्वाचन अधिकारी, अपर पुलिस अधीक्षक को देने के बाद भी कोई अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचा। उन्होंने बताया कि इसकी शिकायत चुनाव आयोग को भेजी गई है।
विज्ञापन


श्रीनगर के वार्ड क्रमांक आठ में गीता पत्नी माथुर का वोट दूसरी महिला द्वारा डाल दिए जाने पर महिला ने परिजनों के साथ जमकर हो-हल्ला मचाया जिससे बाद में चैलेंज वोट डलवाया गया। अनीता पत्नी कमलेश, गीता पत्नी खेमचंद्र के नाम पर पहले ही महिलाओं द्वारा वोट करने पर दोनों ने नाराजगी जताई , पीठासीन अधिकारी के वोट न डलवाने से दोनों को बैरंग वापस लौटना पड़ा। इस मौके पर सभी केंद्रों पर पुलिस प्रशासन ने  सुरक्षा व्यवस्था के पुख्त इंतजाम रहे ।

डीएम और एसपी ने पोलिंग बूथों का लिया जायजा
चुनाव शांतिपूर्ण और निष्पक्ष तरीके से संपन्न कराने के लिए जिला निर्वाचन अधिकारी वीरेश्वर सिंह, पुलिस अधीक्षक केके गहलोत, अपर जिलाधिकारी संतोष कुमार राय सारा दिन पोलिंग बूथों का निरीक्षण कर जायजा लेते रहे। तेज धूप के बाद भी अधिकारियों ने ज्यादातर पोलिंग बूथों में जाकर मतदान का जायजा लिया, साथ ही मतदाताओं को फर्जी मतदान न करने की चेतावनी दी। पीठासीन अधिकारियों और पोलिंग बूथ पर तैनात पुलिस कर्मचारियों को फर्जी मतदाताओं को तत्काल हिरासत में लेने के निर्देश दिए।

मतदान केंद्रों पर नहीं घुस सके एजेंट
पंचायत चुनाव में पोलिंग बूथ पर किसी भी प्रत्याशी के एजेंट को घुसने की अनुमति नहीं दी गई, जिससे एजेंट सारा दिन पोलिंग बूथ के बाहर मतदाताओं की गतिविधियों पर नजर रखे रहे। यह पहला चुनाव है कि जब एजेंटों को पोलिंग बूथों के अंदर जाने की अनुमति नहीं मिली, जिससे एजेंट इस चुनाव में सामान्य लोगों की तरह मतदान केंद्रों के बाहर खड़े रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें