महोबा। आठवें वेतन आयोग में पेंशनरों को शामिल किए जाने, राशिकरण की कटौती 11 वर्ष किए जाने समेत विभिन्न मांगों को लेकर जिले के पेंशनरों ने शनिवार को अनोखा प्रदर्शन किया। वरिष्ठ नागरिक पेंशनर्स सेवा संस्थान के तत्वावधान में पदाधिकारियों व सदस्यों ने कचहरी से तहसील तक खाली कटोरी चम्मच बजाते हुए सड़क पर मौन जुलूस निकाला। मुख्यमंत्री को संबोधित 18 सूत्री मांगों का ज्ञापन एसडीएम शिवध्यान पांडेय को सौंपकर निराकरण कराए जाने की मांग की।
संस्थान के अध्यक्ष सुनील शर्मा, महामंत्री बीके तिवारी के नेतृत्व में दो सैकड़ा से अधिक सदस्यों ने प्रदर्शन किया। महामंत्री ने कहा कि जब देश के उपराष्ट्रपति समेत जनप्रतिनिधि की चार-चार पेंशन समय-समय पर बढ़ाई जाती रहती है तो सरकारी सेवानिवृत्त कार्मिकों की पेंशन को आठवें वेतन आयोग की शर्तों से गायब किया जाना, सरकार की पेंशन बंद करने की साजिश है। अध्यक्ष ने कहा कि सेवानिवृत्त कार्मिकों के लिए पेंशन कोई खैरात नहीं है।
उन्होंने पेंशनरों का 18 महीने का डीए के भुगतान के साथ डिजिटल परिचय पत्र, अध्यक्ष और महामंत्री का सचिवालय पास, चिकित्सा प्रतिपूर्ति दावों का समय से निस्तारण, दीनदयाल उपाध्याय कैशलेस व्यवस्था में सभी शिक्षकों को शामिल किए जाने आदि मांगे पूरी किए जाने की मांग की। इस मौके पर शिवकुमार त्रिपाठी, अरविंद खरे, रामशरण त्रिपाठी, ईश्वरी प्रसाद तिवारी, कालका प्रसाद गुप्ता, ओपी सिंह आदि शामिल रहे।