अस्पताल में भर्ती बुखार पीड़ित।
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जिले में संक्रामक बीमारियों का कहर थम नहीं रहा है। शनिवार को बुखार की चपेट में आकर दो लोगों की मौत हो गई। घटनाओं से परिजनों में कोहराम मचा रहा।
शहर के मोहल्ला मलकपुरा निवासी मानिकचंद्र पुत्र दुर्जन पाल तीन दिन से बुखार से पीड़ित था। परिजनों ने उसका उपचार प्राइवेट क्लीनिकों में कराया गया लेकिन हालत में सुधार नही हुआ। शनिवार को परिजन मानिकचंद्र को इलाज के लिए जिला अस्पताल लाए जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। इसी प्रकार ग्राम मिढ़का निवासी सुशीला (40) पत्नी रमन प्रजापति की बुखार के चलते जिला अस्पताल में मौत हो गई।
जिले में संक्रामक बीमारियों का प्रकोप थम नही रहा है। दो माह से लगातार बुखार के चलते लोगों की मौतों का सिलसिला जारी है। जिला अस्पताल में सुबह से ही मरीजों की भारी भीड़ ज़ुट रही है। सर्दी, जुखाम व बुखार के मरीजों की संख्या सर्वाधिक है। तेज बुखार के साथ हाथ पैरों में दर्द के मरीज भी इलाज के लिए अस्पताल पहुंच रहे है। मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डा. उदयवीर सिंह का कहना है कि मौसम के बदलाव से संक्रामक बीमारियों के मरीजों की संख्या बढ़ी है। लोगों को खानपान में बेहद सावधानी बरतने की जरूरत है।