पनवाड़ी (महोबा)। थाना महोबकंठ के इटौरा गांव में लकड़ी भरे ट्रैक्टर को रोककर 10 हजार रुपये वसूलने और विरोध करने पर युवक को पीटने का दरोगा पर आरोप लगा है। गंभीर हालत में युवक को सीएचसी से जिला अस्पताल रेफर किया गया। एसपी प्रबल प्रताप सिंह ने मामले की जांच सीओ चरखारी दीपक दुबे को सौंपी है। हालांकि, युवक के शराब के नशे में गिरने से उसे चोटें आने की पुलिस बात कह रही है।
थाना महोबकंठ के इटौरा गांव निवासी पूर्व प्रधान धर्मजीत ने बताया कि उसका नाती राघवेंद्र (26) रविवार की देर शाम खेत से ट्रैक्टर-ट्रॉली में बबूल की लकड़ियां भरकर घर आ रहा था। आरोप है कि रास्ते में महोबकंठ थाने में तैनात एसआई अजय प्रताप ने ट्रैक्टर रोक लिया और 10 हजार रुपये की मांग की। धमकी दी कि रुपये नहीं दिए तो ट्रैक्टर थाने में ले चलो। उसने दरोगा को दस हजार रुपये दे दिए। नाती राघवेंद्र ने जब इसका विरोध किया तो दरोगा ने पीट दिया। इससे राघवेंद्र के सिर व मुंह में गंभीर चोटें आईं। उसे सीएचसी पनवाड़ी ले जाया गया। वहां से डॉक्टर ने उसे जिला अस्पताल रेफर कर दिया।
उधर, एसआई अजय प्रताप का कहना है कि वह गांव में एक प्रार्थना पत्र की जांच करने गए थे। तभी राघवेंद्र नशे की हालत में आया और उत्पात मचाने लगा। अधिक शराब पीने के चलते सड़क पर गिरने से उसे चोटें आईं।